फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bareilly News ›   Allegations of corruption in the auction of Kesar Sugar Mill land in Bareilly

Bareilly: केसर चीनी मिल की जमीन की नीलामी में भ्रष्टाचार का आरोप, किसान नेताओं ने मंडलायुक्त को दिया ज्ञापन

Sun, 07 Jun 2026 12:25 AM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली Updated Sun, 07 Jun 2026 12:25 AM IST
सार

भारतीय किसान यूनियन (अंबावता) और समाजवादी पार्टी ने चीनी मिलों की जमीन की नीलामी व बिक्री में भ्रष्टाचार का आरोप लगाया है। किसान नेताओं ने मंडलायुक्त को ज्ञापन सौंपकर मामले की जांच की मांग की है।

विज्ञापन
Allegations of corruption in the auction of Kesar Sugar Mill land in Bareilly
केसर चीनी मिल - फोटो : संवाद

विस्तार

बरेली में भारतीय किसान यूनियन (अंबावता) के पदाधिकारियों ने मंडलाध्यक्ष ठाकुर श्यामवीर सिंह चौहान के नेतृत्व में शनिवार को मंडलायुक्त को ज्ञापन देकर केसर चीनी मिल की जमीन की नीलामी में भ्रष्टाचार होने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि चीनी मिल ने संबंधित जमीन किसानों से 35 साल के लिए किराये पर ली थी। बाद में तहसील के अधिकारियों की मिलीभगत से खतौनी से किसानों का नाम हटा दिया गया। इसका मुकदमा (अब्दुल मलिक बनाम उत्तर प्रदेश सरकार) हाईकोर्ट में विचाराधीन है। 

विज्ञापन


पदाधिकारियों ने बताया कि किसानों ने मामले की जानकारी तहसीलदार भानु प्रताप को दी, लेकिन सुनवाई नहीं हुई। अधिकारियों की मिलीभगत से कीमती जमीन को कौड़ियों के भाव नीलाम किया गया। नीलामी की 25 फीसदी धनराशि चेक के माध्यम से ली गई। जबकि सर्वोच्च न्यायालय ने वर्ष 1995 में मोहम्मद अहमद बनाम रणवीर सिंह केस में यह व्यवस्था दी है कि नीलामी के बाद बोली का 25 प्रतिशत नकद जमा किया जाना अनिवार्य है। पदाधिकारियों ने मामले की जांच कराने की मांग की है।
विज्ञापन


चीनी मिल बंद कर खुर्द-बुर्द की जा रही संपत्ति: शुभलेश
बहेड़ी चीनी मिल को अनुमानित कीमत के आधे से भी कम बोली पर बेचने और नवाबगंज चीनी मिल बंद करने के मामले पर शनिवार को सपा जिलाध्यक्ष शुभलेश यादव ने आपत्ति जताई। संबंधित कवायदों पर सवाल उठाते हुए कमिश्नर को ज्ञापन सौंपने की बात कही है। पूर्व मंत्री अताउर रहमान के आवास पर प्रेसवार्ता में जिलाध्यक्ष ने कहा कि दोनों चीनी मिल पर क्रमश: 170 करोड़ और 72 करोड़ रुपया गन्ना मूल्य भुगतान बकाया है। अब बंद कर संपत्ति खुर्द-बुर्द कर रहे हैं। 
विज्ञापन
विज्ञापन


बहेड़ी चीनी मिल की जमीन औने-पौने दामों पर बेचा गया, जो गलत है। सवाल उठाए कि क्या मिल मालिक भूमि को 28 करोड़ में बेचते, मिल के जीएम का आरोप है कि कुछ लोगों को फायदा पहुंचाने के लिए सौदा हुआ? कहा कि सोमवार को कमिश्नर से मुलाकात कर मामले में जांच और कार्रवाई संबंधित मांग करेंगे।

जमीन अधिक कीमत पर खरीदने के लिए कराएं आपत्ति
डीएम अविनाश सिंह की अध्यक्षता में शनिवार को कलक्ट्रेट सभागार में बैठक हुई। डीएम ने कहा कि बहेड़ी केसर चीनी मिल की जमीन की नीलामी 28.5 करोड़ रुपये में हुई है। इससे अधिक मूल्य पर कोई भी व्यक्ति खरीदने का इच्छुक हो तो वह अपनी आपत्ति डीडी अथवा बैंकर्स चेक के साथ उन्हें उपलब्ध करा सकता है। किसानों का बकाया दिलाने का प्रयास किया जा रहा है। नवाबगंज चीनी मिल के मूल्यांकन के बाद नीलामी की कार्रवाई शुरू की जाएगी। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed