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आखिर, बनने लगी मंत्री जी के गांव की सड़क
बरेली।
Updated Mon, 25 Dec 2017 02:01 AM IST
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ट्यूिललिया की सड़क
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केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार के पैत्रक गांव ट्यूलिया के बाशिंदों को अब गड्ढों से होकर अपने गांव नहीं जाना पड़ेगा। तीन साल से जर्जर हाल में पड़ी केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार के गांव ट्यूलिया की सड़क के दिन बहुरने लगे हैं। बीडीए ने इस रोड को हॉटमिक्स प्लांट से पक्का बनाने पर काम शुरू कर दिया है। जल्द ही यह रोड चमचमाती नजर आएगी।
अमर उजाला ने 13 नवंबर 2017 को ‘माननीयों के अपने गांव ही बदहाल, अब कैसे कहें.. सुधारेगे सबका हाल’ शीर्षक से समाचार प्रकाशित किया था। इसमें परसाखेड़ा औद्योगिक एरिया के रोड नंबर चार से केंद्रीय श्रम रोजगार मंत्री संतोष गंगवार के पैत्रक गांव ट्यूलिया तक सड़क पर भारी भरकम गड्ढों से आस-पास गांव के बाशिंदों को होने वाली दिक्कतों का मामला उठाया गया था। तीन साल से यह सड़क गहरे गड्ढों में तब्दील हो गई थी। सड़क के खस्ताहाल होने से ट्यूलिया के अलावा वोहित, गौंटिया मवई, हमीरपुर, मुड़िया इमामगंज समेत दर्जनों के गांव के वाशिंदों को बरसात में परेशानी होती थी। सर्वाधिक परेशानी रोजाना आने-जाने वाले स्कूलों बच्चों को थी। बरसात के मौसम में उनको जूते-चप्पल हाथ में लेकर गड्ढों में पैदल उतरना पड़ता था। अमर उजाला की ओर से यह मामला उठाए जाने के बाद केंद्रीय मंत्री की पहल पर बीडीए ने डेढ़ किलोमीटर सड़क पर पक्का निर्माण शुरू कर दिया है। सड़क को पहले रेता और पत्थर डालकर समतल किया जा रहा है। इसके बाद कोलतार और बजरी से लेयर डालकर उसे हॉट मिक्स से बनाया जाएगा। लंबे समय से जर्जर पड़ी रोड के बनने से गांव वाले खुश हैं। यह रोड बनने से परसाखेड़ा इंडस्ट्रियल एरिया के उद्यमियों को भी आवागमन में फायदा मिलेगा क्योंकि उनके वाहन भी इसी मार्ग से होकर गुजरते हैं।
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अमर उजाला ने 13 नवंबर 2017 को ‘माननीयों के अपने गांव ही बदहाल, अब कैसे कहें.. सुधारेगे सबका हाल’ शीर्षक से समाचार प्रकाशित किया था। इसमें परसाखेड़ा औद्योगिक एरिया के रोड नंबर चार से केंद्रीय श्रम रोजगार मंत्री संतोष गंगवार के पैत्रक गांव ट्यूलिया तक सड़क पर भारी भरकम गड्ढों से आस-पास गांव के बाशिंदों को होने वाली दिक्कतों का मामला उठाया गया था। तीन साल से यह सड़क गहरे गड्ढों में तब्दील हो गई थी। सड़क के खस्ताहाल होने से ट्यूलिया के अलावा वोहित, गौंटिया मवई, हमीरपुर, मुड़िया इमामगंज समेत दर्जनों के गांव के वाशिंदों को बरसात में परेशानी होती थी। सर्वाधिक परेशानी रोजाना आने-जाने वाले स्कूलों बच्चों को थी। बरसात के मौसम में उनको जूते-चप्पल हाथ में लेकर गड्ढों में पैदल उतरना पड़ता था। अमर उजाला की ओर से यह मामला उठाए जाने के बाद केंद्रीय मंत्री की पहल पर बीडीए ने डेढ़ किलोमीटर सड़क पर पक्का निर्माण शुरू कर दिया है। सड़क को पहले रेता और पत्थर डालकर समतल किया जा रहा है। इसके बाद कोलतार और बजरी से लेयर डालकर उसे हॉट मिक्स से बनाया जाएगा। लंबे समय से जर्जर पड़ी रोड के बनने से गांव वाले खुश हैं। यह रोड बनने से परसाखेड़ा इंडस्ट्रियल एरिया के उद्यमियों को भी आवागमन में फायदा मिलेगा क्योंकि उनके वाहन भी इसी मार्ग से होकर गुजरते हैं।
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