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खुले में बायोवेस्ट फेंक रहे तीन अस्पतालों पर पीसीबी ने लगाया 33 लाख का जुर्माना
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बरेली। एनजीटी के सख्त निर्देशों के बाद भी जैव चिकित्सकीय कचरा (बायो मेडिकल वेस्ट) के निस्तारण का उचित प्रबंधन न करने और उसे खुले में फेंकने पर जिले के तीन अस्पतालों के खिलाफ प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (पीसीबी) ने कड़ी कार्रवाई की है। प्रत्येक अस्पताल पर 11 लाख रुपये का जुर्माना लगाते हुए उन्हें मेडिकल वेस्ट का उचित प्रबंधन न करने पर लाइसेंस निरस्त करने की चेतावनी दी है। करीब दो माह बाद तीनों अस्पतालों के खिलाफ हुई कार्रवाई से मेडिकल वेस्ट निस्तारण में खानापूर्ति कर रहे अन्य अस्पताल संचालकों में हड़कंप मच गया है।
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी रोहित सिंह सचान ने बताया कि करीब दो माह पहले बोर्ड की टीम ने बायो मेडिकल वेस्ट के खिलाफ अभियान चलाया था। उस दौरान मेडिकल वेस्ट निस्तारण में एनजीटी की गाइडलाइन का उल्लंघन कर रहे अस्पतालों को नोटिस जारी कर व्यवस्था सुधारने के निर्देश दिए गए थे। कई अस्पतालों ने व्यवस्थाएं सुधारी भी। उन्हें प्रमाण पत्र भी प्रदान किए गए, लेकिन आस्था अस्पताल, बालकिशन अस्पताल और शान हॉस्पिटल ने नोटिस मिलने के बाद भी व्यवस्था नहीं सुधारी। इस पर उन्हें रिमाइंडर भेजा गया लेकिन कोई जवाब नहीं मिलने पर संबंधित जांच रिपोर्ट लखनऊ पीसीबी मुख्यालय भेज दी गई। इस पर अब बोर्ड ने तीनों अस्पतालों पर 11-11 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। वसूली के लिए अस्पतालों को नोटिस दे दिया है। जुर्माना अदा न करने और व्यवस्था में सुधार न होने पर उनके लाइसेंस निरस्त करने की संस्तुति की जाएगी।
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प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी रोहित सिंह सचान ने बताया कि करीब दो माह पहले बोर्ड की टीम ने बायो मेडिकल वेस्ट के खिलाफ अभियान चलाया था। उस दौरान मेडिकल वेस्ट निस्तारण में एनजीटी की गाइडलाइन का उल्लंघन कर रहे अस्पतालों को नोटिस जारी कर व्यवस्था सुधारने के निर्देश दिए गए थे। कई अस्पतालों ने व्यवस्थाएं सुधारी भी। उन्हें प्रमाण पत्र भी प्रदान किए गए, लेकिन आस्था अस्पताल, बालकिशन अस्पताल और शान हॉस्पिटल ने नोटिस मिलने के बाद भी व्यवस्था नहीं सुधारी। इस पर उन्हें रिमाइंडर भेजा गया लेकिन कोई जवाब नहीं मिलने पर संबंधित जांच रिपोर्ट लखनऊ पीसीबी मुख्यालय भेज दी गई। इस पर अब बोर्ड ने तीनों अस्पतालों पर 11-11 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। वसूली के लिए अस्पतालों को नोटिस दे दिया है। जुर्माना अदा न करने और व्यवस्था में सुधार न होने पर उनके लाइसेंस निरस्त करने की संस्तुति की जाएगी।
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