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Bareilly News: अनशन पर बैठे विद्यार्थियों की स्वास्थ्य जांच के लिए पहुंची टीम
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बरेली। भारतीय पशु चिकित्सा अनुसंधान संस्थान (आईवीआरआई) में इंटर्नशिप स्टाइपेंड की मांग को लेकर चल रहा विद्यार्थियों का शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन आठवें दिन मंगलवार को भी जारी रहा। सोमवार को छह छात्रों ने भूख हड़ताल शुरू कर दी। मंगलवार को डॉक्टरों ने भी प्रदर्शन स्थल पहुंचकर विद्यार्थियों की जरूरी जांचें कीं।
विद्यार्थियों का आरोप था कि सूचना देने और अनुरोध के बावजूद संस्थान की ओर से धरना स्थल पर चिकित्सकों की टीम नहीं भेजी गई। पूरे दिन भोजन नहीं करने से भूख हड़ताल पर बैठे विद्यार्थियों को सर्द-गर्म और पेट दर्द सहित अन्य समस्याएं हुईं।
विद्यार्थियों ने कहा कि भूख हड़ताल के दौरान स्वास्थ्य संबंधी जोखिम को देखते हुए धरना स्थल पर चिकित्सकीय निगरानी जरूरी है। सूचना पर संस्थान की ओर से डॉक्टर और पैरामेडिकल टीम जांच के लिए पहुंची। बीपी, हार्ट रेट, पल्स आदि जांच के बाद जरूरी दवाएं दीं। प्रकरण पर संस्थान के अधिकारियों ने किसी भी टिप्पणी से इन्कार किया है। वहीं, विद्यार्थियों ने मांग पूरी होने तक धरना प्रदर्शन, अनशन जारी रहने की बात कही है।
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एबीवीपी ने केंद्रीय मंत्रियों को भेजा मांगपत्र
बरेली। प्रदर्शनकारी विद्यार्थियों के समर्थन में एबीवीपी भी आगे आई है। परिषद की ओर से मंगलवार को केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान और केंद्रीय कृषि राज्य मंत्री भागीरथ चौधरी को मांगपत्र भेजा गया। विभाग संगठन मंत्री विकास गोला ने बताया कि मांगपत्र में एमएसवीई रेगुलेशंस, 2016 के प्रावधानों के अनुसार बीवीएससी एंड एएच पाठ्यक्रम के साढ़े चार वर्ष के अध्ययन के बाद 12 माह की अनिवार्य प्रशिक्षुता का विषय प्रमुखता से उठाया गया है। विद्यार्थियों की अन्य प्रमुख मांगें भी इसमें शामिल हैं।
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विद्यार्थियों का आरोप था कि सूचना देने और अनुरोध के बावजूद संस्थान की ओर से धरना स्थल पर चिकित्सकों की टीम नहीं भेजी गई। पूरे दिन भोजन नहीं करने से भूख हड़ताल पर बैठे विद्यार्थियों को सर्द-गर्म और पेट दर्द सहित अन्य समस्याएं हुईं।
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विद्यार्थियों ने कहा कि भूख हड़ताल के दौरान स्वास्थ्य संबंधी जोखिम को देखते हुए धरना स्थल पर चिकित्सकीय निगरानी जरूरी है। सूचना पर संस्थान की ओर से डॉक्टर और पैरामेडिकल टीम जांच के लिए पहुंची। बीपी, हार्ट रेट, पल्स आदि जांच के बाद जरूरी दवाएं दीं। प्रकरण पर संस्थान के अधिकारियों ने किसी भी टिप्पणी से इन्कार किया है। वहीं, विद्यार्थियों ने मांग पूरी होने तक धरना प्रदर्शन, अनशन जारी रहने की बात कही है।
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एबीवीपी ने केंद्रीय मंत्रियों को भेजा मांगपत्र
बरेली। प्रदर्शनकारी विद्यार्थियों के समर्थन में एबीवीपी भी आगे आई है। परिषद की ओर से मंगलवार को केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान और केंद्रीय कृषि राज्य मंत्री भागीरथ चौधरी को मांगपत्र भेजा गया। विभाग संगठन मंत्री विकास गोला ने बताया कि मांगपत्र में एमएसवीई रेगुलेशंस, 2016 के प्रावधानों के अनुसार बीवीएससी एंड एएच पाठ्यक्रम के साढ़े चार वर्ष के अध्ययन के बाद 12 माह की अनिवार्य प्रशिक्षुता का विषय प्रमुखता से उठाया गया है। विद्यार्थियों की अन्य प्रमुख मांगें भी इसमें शामिल हैं।