{"_id":"6994c926a6253583fe0b582b","slug":"17-investors-duped-of-rs-20-lakh-on-the-pretext-of-investment-bareilly-news-c-4-bly1039-828168-2026-02-18","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bareilly News: निवेश का झांसा देकर 17 निवेशकों से 20 लाख की ठगी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bareilly News: निवेश का झांसा देकर 17 निवेशकों से 20 लाख की ठगी
Wed, 18 Feb 2026 01:31 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
Updated Wed, 18 Feb 2026 01:31 AM IST
विज्ञापन
कोर्ट के आदेश पर कोतवाली में आठ नामजद और अज्ञात आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज
पीलीभीत। कंपनी में निवेश से रकम दोगुनी करने का झांसा देकर 17 लोगों से करीब 20 लाख रुपये जमा कराने के बाद जालसाज लापता हो गए। कोतवाली पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर बरेली निवासी आरके गोला समेत आठ नामजद और अन्य आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी सहित विभिन्न धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की है।
थाना बरखेड़ा के गांव लखनऊ कला निवासी खेमकरन लाल ने कोर्ट के आदेश पर मंगलवार को शहर कोतवाली में दर्ज कराई रिपोर्ट में बताया कि आईसीएल म्यूचुअल बेनिफिट्स कॉरपोरेशन लिमिटेड की एक शाखा बरेली के गांधीनगर क्षेत्र में संचालित थी। उसका एक कार्यालय शहर कोतवाली क्षेत्र में नकटादाना चौराहे पर भी खुला था। इस कंपनी का संचालन बरेली के इज्जतनगर के जमुना विहार कॉलोनी निवासी रूप किशोर गोला, अवधेश कुमार गोला, रजनी गुप्ता, बरेली के गांधीनगर के जितेंद्र कुमार गुप्ता, रेनू गुप्ता, इज्जतनगर के बसंत विहार निवासी दीपक कुमार भटनागर, पीलीभीत के बरखेड़ा कस्बा निवासी ताराचंद्र भोजवाल, पीलीभीत के बरखेड़ा के ग्राम अधकटा निवासी संजय कुमार व अन्य पांच-छह कर्मचारियों की ओर से किया जा रहा था। आरोप है कि कंपनी के संचालकों ने निवेशकों को तीन से आठ साल की अवधि में जमा धनराशि दोगुनी कर लौटाने का लालच दिया। झांसे में आकर पीड़ित ने वर्ष 2017 में स्वयं और अपने कई परिचितों (पत्नी मालती देवी, बहन नेमवती, रिश्तेदार नंदरानी, भाई प्रेमपाल आदि) के करीब 20 लाख रुपये कंपनी के कार्यालय में पांच साल के लिए जमा करवा दिए। कुछ समय बाद कंपनी के कर्मचारी कार्यालय में ताला डालकर भाग गए। पीड़ित ने बताया कि जब वह रकम के बारे में जानकारी लेने बरेली स्थित कार्यालय पहुंचे तो वहां मौजूद आरोपियों ने उसके साथ गाली-गलौज की और जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद उन्होंने न्यायालय की शरण ली। कोर्ट के आदेश पर कोतवाली पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है।
--
निवेश से जुड़े दस्तावेजों व खातों की हो रही जांच
कोतवाल सत्येंद्र कुमार ने बताया कि मामले की विवेचना शुरू कर दी गई है। आरोपियों की तलाश के साथ ही निवेश से जुड़े दस्तावेजों और खातों की भी जांच की जा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन
पीलीभीत। कंपनी में निवेश से रकम दोगुनी करने का झांसा देकर 17 लोगों से करीब 20 लाख रुपये जमा कराने के बाद जालसाज लापता हो गए। कोतवाली पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर बरेली निवासी आरके गोला समेत आठ नामजद और अन्य आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी सहित विभिन्न धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की है।
थाना बरखेड़ा के गांव लखनऊ कला निवासी खेमकरन लाल ने कोर्ट के आदेश पर मंगलवार को शहर कोतवाली में दर्ज कराई रिपोर्ट में बताया कि आईसीएल म्यूचुअल बेनिफिट्स कॉरपोरेशन लिमिटेड की एक शाखा बरेली के गांधीनगर क्षेत्र में संचालित थी। उसका एक कार्यालय शहर कोतवाली क्षेत्र में नकटादाना चौराहे पर भी खुला था। इस कंपनी का संचालन बरेली के इज्जतनगर के जमुना विहार कॉलोनी निवासी रूप किशोर गोला, अवधेश कुमार गोला, रजनी गुप्ता, बरेली के गांधीनगर के जितेंद्र कुमार गुप्ता, रेनू गुप्ता, इज्जतनगर के बसंत विहार निवासी दीपक कुमार भटनागर, पीलीभीत के बरखेड़ा कस्बा निवासी ताराचंद्र भोजवाल, पीलीभीत के बरखेड़ा के ग्राम अधकटा निवासी संजय कुमार व अन्य पांच-छह कर्मचारियों की ओर से किया जा रहा था। आरोप है कि कंपनी के संचालकों ने निवेशकों को तीन से आठ साल की अवधि में जमा धनराशि दोगुनी कर लौटाने का लालच दिया। झांसे में आकर पीड़ित ने वर्ष 2017 में स्वयं और अपने कई परिचितों (पत्नी मालती देवी, बहन नेमवती, रिश्तेदार नंदरानी, भाई प्रेमपाल आदि) के करीब 20 लाख रुपये कंपनी के कार्यालय में पांच साल के लिए जमा करवा दिए। कुछ समय बाद कंपनी के कर्मचारी कार्यालय में ताला डालकर भाग गए। पीड़ित ने बताया कि जब वह रकम के बारे में जानकारी लेने बरेली स्थित कार्यालय पहुंचे तो वहां मौजूद आरोपियों ने उसके साथ गाली-गलौज की और जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद उन्होंने न्यायालय की शरण ली। कोर्ट के आदेश पर कोतवाली पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है।
विज्ञापन
निवेश से जुड़े दस्तावेजों व खातों की हो रही जांच
कोतवाल सत्येंद्र कुमार ने बताया कि मामले की विवेचना शुरू कर दी गई है। आरोपियों की तलाश के साथ ही निवेश से जुड़े दस्तावेजों और खातों की भी जांच की जा रही है।
विज्ञापन