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सफाई व्यवस्था की ऑनलाइन निगरानी के लिए होंगे 200 करोड़ के टेंडर
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बरेली। शहर को नीट एंड क्लीन रखने के लिए स्मार्ट सिटी में शामिल 200 करोड़ से मंजूर इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर को बनाने की कवायद तेज हो गई है। शासन से स्वीकृत मिलने के बाद कमिश्नर इसके लिए जून में ही टेंडर कराने की तैयारी करा रहे हैं। इस सेंटर के चालू होेने के बाद शहर के हर चौराहे, डंपिंग ग्राउंड सहित दूसरी जगहों पर कूड़ा कलेक्शन से लेकर उसका निस्तारण करने तक की सारी प्रक्रिया की निगरानी ऑनलाइन की जा सकेगी।
इस प्रोजेक्ट के तहत सभी चौराहों पर सीसीटीवी लगेंगे। इसके अलावा नगर निगम जिन जगहों पर कूड़ा इकट्ठा करती है बाद मेें वहां से उसे शहर के मुख्य डंपिंग ग्राउंड तक ले जाया जाया जाता है, उसकी भी पूरी ऑनलाइन मॉनीटरिंग का सिस्टम तैयार होना है। इससे यह रिकॉर्ड किया जा सकेगा कि किस जगह से कब कूड़ा उठा है और उसे कहां निस्तारित किया गया है। इसी तरह पब्लिक टॉयलेट की साफ-सफाई की निगरानी भी होनी है। इसके अलावा नाला सफाई सहित दूसरे तमाम काम की भी ऑनलाइन निगरानी भी इस प्रोजेक्ट में शामिल की गई है। सभी वीडियो का रिकॉर्ड रखने के लिए कंट्रोल रूम बनाए जाने हैं। कमिश्नर रणवीर प्रसाद का कहना है कि इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर बनने के बाद पूरे शहर की सफाई व्यवस्था पर सीधी निगरानी रखी जा सकेगी। इसके लिए जून में ही टेंडर होंगे।
50 करोड़ से होने हैं शहर के चार चौराहों का कायाकल्प
शहर के चार प्रमुख चौराहे डेलापीर चौराहा, गांधी उद्यान चौराहा, पटेल चौक और चौकी चौराहा का चौड़ीकरण करने के साथ उसका सौंदर्यीकरण भी होना है। ये काम भी स्मार्ट सिटी के तहत करीब पचास करोड़ से होने हैं। इसके लिए भी टेंडर जल्द ही कराए जाने की बात कही जा रही है।
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इस प्रोजेक्ट के तहत सभी चौराहों पर सीसीटीवी लगेंगे। इसके अलावा नगर निगम जिन जगहों पर कूड़ा इकट्ठा करती है बाद मेें वहां से उसे शहर के मुख्य डंपिंग ग्राउंड तक ले जाया जाया जाता है, उसकी भी पूरी ऑनलाइन मॉनीटरिंग का सिस्टम तैयार होना है। इससे यह रिकॉर्ड किया जा सकेगा कि किस जगह से कब कूड़ा उठा है और उसे कहां निस्तारित किया गया है। इसी तरह पब्लिक टॉयलेट की साफ-सफाई की निगरानी भी होनी है। इसके अलावा नाला सफाई सहित दूसरे तमाम काम की भी ऑनलाइन निगरानी भी इस प्रोजेक्ट में शामिल की गई है। सभी वीडियो का रिकॉर्ड रखने के लिए कंट्रोल रूम बनाए जाने हैं। कमिश्नर रणवीर प्रसाद का कहना है कि इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर बनने के बाद पूरे शहर की सफाई व्यवस्था पर सीधी निगरानी रखी जा सकेगी। इसके लिए जून में ही टेंडर होंगे।
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50 करोड़ से होने हैं शहर के चार चौराहों का कायाकल्प
शहर के चार प्रमुख चौराहे डेलापीर चौराहा, गांधी उद्यान चौराहा, पटेल चौक और चौकी चौराहा का चौड़ीकरण करने के साथ उसका सौंदर्यीकरण भी होना है। ये काम भी स्मार्ट सिटी के तहत करीब पचास करोड़ से होने हैं। इसके लिए भी टेंडर जल्द ही कराए जाने की बात कही जा रही है।
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