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Bareilly News: बाढ़ से बचाने के लिए 14 चौकियां बनाईं, तहसील प्रशासन अलर्ट पर
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मीरगंज। नदियों से घिरे तहसील क्षेत्र को बाढ़ से बचाने के लिए तहसील प्रशासन अलर्ट हो गया है। इससे निपटने के लिए प्रशासन ने क्षेत्र में 14 बाढ़ चाैकियों को स्थापित करा दिया है।
तहसील क्षेत्र बहगुल, कुल्ली, भाखड़ा, पीलाखार, रामगंगा आदि नदियों से घिरा है। हर वर्ष अत्यधिक बरसात होने के कारण नदियों में बाढ़ आ जाती है। दर्जनों गांव इससे प्रभावित होते हैं। शासन के निर्देश पर बाढ़ से राहत पहुंचाने के लिए मीरगंज क्षेत्र में 14 बाढ़ चौकियां बनाई गई हैं। तहसील परिसर में एक कंट्रोल रूम भी बनाया गया, जहां पर 24 घंटे कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है।
उपजिलाधिकारी देशदीपक सिंह ने बताया कि शीशगढ़, सहोड़ा, दुनका, बल्लिया, अंबरपुर, नरखेडा, गौतारा पहाड़पुर, मोहम्मद गंज सहित कई स्थानों पर चौकियां तैयार है, जहां पर राजस्व कर्मियों की तैनाती की गई है। यहां 10 नावों की व्यवस्था की गई है। उन्होंने बताया इस बार सामान्य से अधिक वर्षा होने का अनुमान है। इसलिए नदियों में बाढ़ आने की संभावनाएं हैं। इसलिए प्रशासन ने पहले से ही तैयारी कर ली है। संवाद
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तहसील क्षेत्र बहगुल, कुल्ली, भाखड़ा, पीलाखार, रामगंगा आदि नदियों से घिरा है। हर वर्ष अत्यधिक बरसात होने के कारण नदियों में बाढ़ आ जाती है। दर्जनों गांव इससे प्रभावित होते हैं। शासन के निर्देश पर बाढ़ से राहत पहुंचाने के लिए मीरगंज क्षेत्र में 14 बाढ़ चौकियां बनाई गई हैं। तहसील परिसर में एक कंट्रोल रूम भी बनाया गया, जहां पर 24 घंटे कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है।
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उपजिलाधिकारी देशदीपक सिंह ने बताया कि शीशगढ़, सहोड़ा, दुनका, बल्लिया, अंबरपुर, नरखेडा, गौतारा पहाड़पुर, मोहम्मद गंज सहित कई स्थानों पर चौकियां तैयार है, जहां पर राजस्व कर्मियों की तैनाती की गई है। यहां 10 नावों की व्यवस्था की गई है। उन्होंने बताया इस बार सामान्य से अधिक वर्षा होने का अनुमान है। इसलिए नदियों में बाढ़ आने की संभावनाएं हैं। इसलिए प्रशासन ने पहले से ही तैयारी कर ली है। संवाद
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