{"_id":"5bedba66bdec2269377f8281","slug":"11542306406-bareilly-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"मिड-डे मील में घटिया चावल पकड़ा,नमूने भरे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मिड-डे मील में घटिया चावल पकड़ा,नमूने भरे
न्यूज डेस्क,अमर उजाला,बरेली
Updated Thu, 15 Nov 2018 11:56 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सीडीओ सत्येंद्र कुमार ने भोजीपुरा के एक गांव के प्राइमरी स्कूल में अचानक छापा मारा। उसमें मिड-डे मील के खाने में घटिया क्वालिटी का चावल मिला। प्रधान और कोटेदार से पूछताछ की गई तो दोनों ने ऐसे चावल से अनभिज्ञता जताई। मौके पर इस चावल के नमूने लिए गए। जिला पूर्ति अधिकारी से इन नमूनों का परीक्षण कराने के निर्देश सीडीओ ने दिए हैं।
सीडीओ ने भोजीपुरा के चौपारा सुनाली गांव के प्राइमरी स्कूल में पहुंचकर बच्चों को दिए जाने वाले मिड-डे मील का खाना चेक किया। उसमें चावल घटिया क्वालिटी का मिला। तुरंत मौके पर चावल के नमूने भरे गए। सीडीओ ने बताया कि गोदाम से स्कूल में उच्च क्वालिटी का भेजा गया था। मगर स्कूल में घटिया क्वालिटी का चावल कैसे पहुंचा। इसकी जांच कराकर नमूनों का परीक्षण कराने के निर्देश डीएसओ सीमा त्रिपाठी को दिए हैं।
इसके अलावा सीडीओ ने बिलवा पहुंचकर मृदा लैब का भी निरीक्षण किया। उसमें सब उपकरण बेहतर स्थिति में पाए गए। पहले सरकारी मृदा लैब परीक्षण की हालत खराब थी। मगर अब किसान वहां अपनी मिट्टी के नमूने ले जाकर परीक्षण करा सकते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
सीडीओ ने भोजीपुरा के चौपारा सुनाली गांव के प्राइमरी स्कूल में पहुंचकर बच्चों को दिए जाने वाले मिड-डे मील का खाना चेक किया। उसमें चावल घटिया क्वालिटी का मिला। तुरंत मौके पर चावल के नमूने भरे गए। सीडीओ ने बताया कि गोदाम से स्कूल में उच्च क्वालिटी का भेजा गया था। मगर स्कूल में घटिया क्वालिटी का चावल कैसे पहुंचा। इसकी जांच कराकर नमूनों का परीक्षण कराने के निर्देश डीएसओ सीमा त्रिपाठी को दिए हैं।
विज्ञापन
इसके अलावा सीडीओ ने बिलवा पहुंचकर मृदा लैब का भी निरीक्षण किया। उसमें सब उपकरण बेहतर स्थिति में पाए गए। पहले सरकारी मृदा लैब परीक्षण की हालत खराब थी। मगर अब किसान वहां अपनी मिट्टी के नमूने ले जाकर परीक्षण करा सकते हैं।
विज्ञापन