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विरोध न करने पर अपराधियों को बढ़ता है हौसला
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बाराबंकी। शहर के मोहनलाल वर्मा पीजी कॉलेज के राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई द्वारा शुक्रवार को महिला सुरक्षा, महिला सम्मान और महिला सुरक्षा के विभिन्न कानूनी प्रावधानों पर विचार गोष्ठी हुई। इसमें महाविद्यालय के प्राध्यापकों और कर्मचारियों के साथ ही उपस्थित छात्र-छात्राओं ने महिला सम्मान की रक्षा करने की शपथ ली।
कॉलेज के प्राचार्य डॉ. एचएन चौधरी ने महिला सुरक्षा के विभिन्न प्रावधान विषय पर विस्तार से बताते हुए कहा कि घरेलू हिंसा, मातृत्व लाभ अधिनियम, कार्यस्थल पर महिलाओं का यौन शोषण, दहेज प्रतिषेध अधिनियम, एसिड अटैक, ऑनर किलिंग, कन्या भ्रूण हत्या जैसे अपराधों के लिए कानून तो बने हैं लेकिन उसकी जानकारी नहीं होने के कारण लाभ नहीं उठा पाते हैं। इसलिए जरूरी है कि जागरूकता फैलाएं और अत्याचारों का विरोध करना सीखें। क्योंकि विरोध नहीं करने पर अपराध करने वालों का हौसला और बढ़ जाता है।
महाविद्यालय के असिस्टेंट प्रोफेसर विनोद कुमार वर्मा ने शासन द्वारा जारी किए गए आपातकालीन नंबर 1090, 112, 1076 के विषय में विस्तार से बताया। एनएसएस के कार्यक्रम अधिकारी पंकज पटवा ने कहा कि महिला अपराध रोकने के लिए कानून को सख्ती से लागू किया जाना जरूरी है। युवाओं में एक नया जोश भरते हुए कॉलेज में हिंदी विभाग की विभागाध्यक्ष डॉ. मधुलिका राय ने कहा कि युवाओं में असीम ऊर्जा होती है। अगर इस ऊर्जा का सही तरीके से इस्तेमाल करें तो समाज में बड़े बदलाव ला सकते हैं। (संवाद)
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कॉलेज के प्राचार्य डॉ. एचएन चौधरी ने महिला सुरक्षा के विभिन्न प्रावधान विषय पर विस्तार से बताते हुए कहा कि घरेलू हिंसा, मातृत्व लाभ अधिनियम, कार्यस्थल पर महिलाओं का यौन शोषण, दहेज प्रतिषेध अधिनियम, एसिड अटैक, ऑनर किलिंग, कन्या भ्रूण हत्या जैसे अपराधों के लिए कानून तो बने हैं लेकिन उसकी जानकारी नहीं होने के कारण लाभ नहीं उठा पाते हैं। इसलिए जरूरी है कि जागरूकता फैलाएं और अत्याचारों का विरोध करना सीखें। क्योंकि विरोध नहीं करने पर अपराध करने वालों का हौसला और बढ़ जाता है।
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महाविद्यालय के असिस्टेंट प्रोफेसर विनोद कुमार वर्मा ने शासन द्वारा जारी किए गए आपातकालीन नंबर 1090, 112, 1076 के विषय में विस्तार से बताया। एनएसएस के कार्यक्रम अधिकारी पंकज पटवा ने कहा कि महिला अपराध रोकने के लिए कानून को सख्ती से लागू किया जाना जरूरी है। युवाओं में एक नया जोश भरते हुए कॉलेज में हिंदी विभाग की विभागाध्यक्ष डॉ. मधुलिका राय ने कहा कि युवाओं में असीम ऊर्जा होती है। अगर इस ऊर्जा का सही तरीके से इस्तेमाल करें तो समाज में बड़े बदलाव ला सकते हैं। (संवाद)
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