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अपहरण व दुराचार के अभियुक्त को दस वर्ष की कैद
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बाराबंकी। अपर सेशन जज पॉक्सो एक्ट अजय कुमार श्रीवास्तव ने नाबालिग छात्रा के अपहरण व दुराचार के मुकदमे में फैसला सुनाते हुए अभियुक्त को दस वर्ष कैद और 20 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। अर्थदंड वसूल होने पर 10 हजार रुपये पीड़िता को दिए जाएंगे।
एडीजीसी राम जस सिंह ने बताया कि अभियुक्त पप्पू निवासी आदिया मावु थाना सदरपुर जिला सीतापुर की रिश्तेदारी जिले के थाना मोहम्मदपुरपुर खाला में पीड़िता के यहां थी। इसलिए आरोपी पप्पू पीड़िता के यहां आता जाता था। इसी दौरान आरोपी व पीड़िता के संबंध मधुर हो गये।
पीड़िता की आयु 16 वर्ष थी तथा वह एक स्कूल में पढ़ती थी। वह 11 जुलाई 2011 को सुबह करीब साढ़े सात बजे घर से स्कूल के लिए निकली लेकिन शाम तक वापस नहीं आयी। परिजनों ने खोजबीन शुरू की लेकिन पता नहीं चला। अगले दिन पुलिस को अर्जी दी थी। एफआईआर दर्ज होने के बाद पुलिस ने विवेचना के बाद पप्पू व उनके भाई संतोष के विरुद्ध अपहरण व दुराचार की धाराओं में आरोप पत्र दाखिल किया।
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पीड़िता ने कोर्ट में बयान देकर कहा था कि शादी का झांसा देकर पप्पू उसे भगा ले गया और दुराचार किया था। इसके बाद 23 जुलाई को मंदिर में शादी भी कर ली थी। 29 व 30 जुलाई को पुलिस ने उसे लखीमपुर से पप्पू के साथ पकड़ लिया था। न्यायालय ने सुनवाई पूरी कर दोनों पक्षों की बहस सुनने के बाद पप्पू को दोषी करार देकर दंडित किया।
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एडीजीसी राम जस सिंह ने बताया कि अभियुक्त पप्पू निवासी आदिया मावु थाना सदरपुर जिला सीतापुर की रिश्तेदारी जिले के थाना मोहम्मदपुरपुर खाला में पीड़िता के यहां थी। इसलिए आरोपी पप्पू पीड़िता के यहां आता जाता था। इसी दौरान आरोपी व पीड़िता के संबंध मधुर हो गये।
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पीड़िता की आयु 16 वर्ष थी तथा वह एक स्कूल में पढ़ती थी। वह 11 जुलाई 2011 को सुबह करीब साढ़े सात बजे घर से स्कूल के लिए निकली लेकिन शाम तक वापस नहीं आयी। परिजनों ने खोजबीन शुरू की लेकिन पता नहीं चला। अगले दिन पुलिस को अर्जी दी थी। एफआईआर दर्ज होने के बाद पुलिस ने विवेचना के बाद पप्पू व उनके भाई संतोष के विरुद्ध अपहरण व दुराचार की धाराओं में आरोप पत्र दाखिल किया।
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पीड़िता ने कोर्ट में बयान देकर कहा था कि शादी का झांसा देकर पप्पू उसे भगा ले गया और दुराचार किया था। इसके बाद 23 जुलाई को मंदिर में शादी भी कर ली थी। 29 व 30 जुलाई को पुलिस ने उसे लखीमपुर से पप्पू के साथ पकड़ लिया था। न्यायालय ने सुनवाई पूरी कर दोनों पक्षों की बहस सुनने के बाद पप्पू को दोषी करार देकर दंडित किया।