बांदा। राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) परिसर में क्षेत्रीय सेवायोजन कार्यालय की ओर से लगाए गए रोजगार मेले में मनमाफिक कंपनियों के न आने से युवा मायूस हुए। कई लोग बिना साक्षात्कार दिए लौट गए। मेले में 487 युवाओं ने पंजीकरण कराया, इनमें 183 के चयन का दावा किया गया है।
गुुरुवार को मेले में पांच कंपनियों ने प्रतिभाग किया। इनमें दो कंपनियां बांदा और तीन कंपनियां लखनऊ की रहीं। कंपनी प्रतिनिधियों ने साक्षात्कार पद्धति से चयन किया। युवाओं ने बताया कि कंपनी पहले 90 दिन की ट्रेनिंग दे रही है। ट्रेनिंग कार्यकाल में 9000 रुपये देने का दावा कंपनी कर रही है। मेले की शुरुआत संयुक्त निदेशक एसके कुलश्रेष्ठ, प्रबंधक खादी ग्रामोद्योग धीरज कुमार, क्षेत्रीय सेवायोजन प्रभारी ओपी पांडेय आदि ने की।