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बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के लिए यूपीडा लेगी खदानें

Wed, 09 Jun 2021 10:52 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Wed, 09 Jun 2021 10:52 PM IST
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UPDA will take mines for Bundelkhand Expressway
बांदा। बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे निर्माण में भारी मात्रा में खप रहे खनिज (बालू) के लिए कार्यदायी संस्था यूपीडा (उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवेज औद्योगिक विकास प्राधिकरण) ने अब बालू खदानों को अपने लिए आरक्षित करने की कवायद शुरू की है। उधर, यूपीडा ने यहां केन नदी की जलधारा के बीच से अपने वाहन निकालने के लिए पुल बना लिया है, जबकि सुप्रीम कोर्ट और एनजीटी ने नदियों की जलधारा के बहाव को बाधित करने पर रोक लगा रखी है।
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एक्सप्रेसवे का निर्माण तेजी से चल रहा है। यह छह लेन का बनाया जा रहा है। इसकी लंबाई 296 किलोमीटर है। पूरे रूट पर 11 बड़े पुल और चार रेलवे ओवरब्रिज बनाए जा रहे हैं। बांदा की केन नदी पर भी पुल का निर्माण चल रहा है। इसमें काफी मात्रा में बालू, गिट्टी आदि खनिज की खपत हो रही है।
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कार्यदायी संस्था यूपीडा खनिज की आपूर्ति खदानों से खरीदकर कर रही है। अब यूपीडा ने एक्सप्रेसवे निर्माण के लिए खनन क्षेत्रों को आरक्षित करने की कवायद शुरू कर दी है। हाल ही में प्रदेश के मुख्य सचिव ने मंत्री परिषद के सदस्यों को मुख्यमंत्री के आदेशों का हवाला देते हुए इस प्रस्ताव पर मंत्रियों का अभिमत मांगा है। माना जा रहा है कि जल्द ही खनन क्षेत्र आरक्षित करने की कानूनी प्रक्रिया पूरी हो सकती है।
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उधर, यूपीडा ने मंडल मुख्यालय के पास कनवारा-अछरौड़ मार्ग पर केन नदी में अस्थायी पुल/रास्ता बना लिया है। इस रास्ते से यूपीडा के एक्सप्रेसवे/पुल निर्माण में लगे वाहन निकाले जा रहे हैं। नदी किनारे पुल के पास बकायदा बोर्ड लगा हुआ है, जिसमें डीएम के आदेश का हवाला देकर कहा गया है कि यह सड़क बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे निर्माण परियोजना में लगे वाहनों के लिए है।
कोर्ट से रोक तो फिर कैसे रास्ता निर्माण
यूपीडा द्वारा केन नदी में बनाए गए रास्ते/पुल पर आरटीआई व पर्यावरण कार्यकर्ता आशीष सागर दीक्षित ने सवाल उठाएं हैं। उनका कहना है कि सुप्रीम कोर्ट, एनजीटी और हाईकोर्ट द्वारा नदियों में पुल बनाने पर रोक के बावजूद यूपीडा का पुल क्यों बना है? इसके लिए उपरोक्त तीनों सर्वोच्च संस्थाओं से अनुमति ली गई है क्या? कहा कि इस पुल से बालू खदानों के वाहन भी गुजर रहे हैं। कोई खदान संचालक नदी में ऐसा पुल या रास्ता बनाता है तो इस पर कार्रवाई होती है।

खनिज विभाग से नहीं सरोकार
यूपीडा द्वारा केन नदी में बनाए गए रास्ता/पुल की बाबत जिला खनिज अधिकारी सुभाष सिंह का कहना है कि खनिज विभाग से इसका कोई वास्ता नहीं है। न ही कोई अनुमति इत्यादि ली गई है। यूपीडा वालों ने जिलाधिकारी से कोई अनुमति ली हो तो इसकी जानकारी मुझे नहीं है। उधर, एडीएम का चार्ज संभाले सिटी मजिस्ट्रेट केशव नाथ गुप्ता ने इस पर कुछ भी कहने से परहेज किया।
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