{"_id":"5fff3c1e8ebc3e32852b7d9f","slug":"shocking-makar-sankranti-fair-free-for-shopkeepers-banda-news-knp605797876","type":"story","status":"publish","title_hn":"दुकानदारों के लिए चिल्ला मकर संक्रांति मेला फ्री","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दुकानदारों के लिए चिल्ला मकर संक्रांति मेला फ्री
विज्ञापन
बांदा। मकर संक्रांति पर कई दशकों से परंपरागत लगने वाले चिल्ला मेले के दुकानदारों को जिला पंचायत ने अबकी नई राहत दी है। जिला पंचायत दुकानदारों से कोई शुल्क नहीं लेगी। उन्हें मुफ्त में ही दुकान लगाने का मौका मिलेगा।
यह जानकारी इस क्षेत्र की जिला पंचायत सदस्य दीपा सिंह गौर ने दी। उन्होंने बताया कि मकर संक्रांति (14 जनवरी) से हर वर्ष एक माह (15 फरवरी) तक चिल्ला में मकर संक्रांति मेला लगता है। मेले में दुकान लगाने वाले व्यापारियों से जिला पंचायत शुल्क लेती थी। लेकिन इस वर्ष जिला पंचायत ने इसे शुल्क मुक्त कर दिया है ताकि ज्यादा से ज्यादा व्यापारी और दुकानदार मेले में माल ले सके।
गौरतलब है कि पूर्व में जिला पंचायत मेले की व्यवस्थाओं के लिए नीलामी करती थी। कुछ वर्षों पूर्व नीलामी बंद करके जिला पंचायत द्वारा दुकानदारों से टैक्स वसूली की जा रही थी। अब इसे भी खत्म कर दिया गया है। श्रीमती गौर ने बताया कि मेले में सफाई आदि की व्यवस्था दुकानदार खुद सुनिश्चित करेंगे। साथ ही कोविड नियमों का भी पालन जरूरी है।
विज्ञापन
विज्ञापन
यह जानकारी इस क्षेत्र की जिला पंचायत सदस्य दीपा सिंह गौर ने दी। उन्होंने बताया कि मकर संक्रांति (14 जनवरी) से हर वर्ष एक माह (15 फरवरी) तक चिल्ला में मकर संक्रांति मेला लगता है। मेले में दुकान लगाने वाले व्यापारियों से जिला पंचायत शुल्क लेती थी। लेकिन इस वर्ष जिला पंचायत ने इसे शुल्क मुक्त कर दिया है ताकि ज्यादा से ज्यादा व्यापारी और दुकानदार मेले में माल ले सके।
विज्ञापन
गौरतलब है कि पूर्व में जिला पंचायत मेले की व्यवस्थाओं के लिए नीलामी करती थी। कुछ वर्षों पूर्व नीलामी बंद करके जिला पंचायत द्वारा दुकानदारों से टैक्स वसूली की जा रही थी। अब इसे भी खत्म कर दिया गया है। श्रीमती गौर ने बताया कि मेले में सफाई आदि की व्यवस्था दुकानदार खुद सुनिश्चित करेंगे। साथ ही कोविड नियमों का भी पालन जरूरी है।
विज्ञापन