फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Banda News ›   scam in banda bypass

बाईपास निर्माण घोटाला : मद बदलकर भी खर्च किए 5 करोड़

Thu, 05 Mar 2020 11:57 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Thu, 05 Mar 2020 11:57 PM IST
विज्ञापन
scam in banda  bypass
बांदा। बाईपास निर्माण में सिर्फ मिट्टी में ही घोटाला नहीं हुआ बल्कि पीडब्ल्यूडी ने नियमों के विपरीत बजट निर्धारित मद से हटकर दूसरे कार्यों में भी खर्च किया। मुख्य अभियंता ने लगभग 5 करोड़ रुपये व्यय वर्तन बताया है। उधर, अखबार में खबर छपने और मुख्य अभियंता द्वारा सारे अभिलेख तलब करने के आदेशों से यहां पीडब्ल्यूडी प्रांतीय खंड में खलबली मची है। अधिकांश स्टाफ अभिलेखों को तैयार और दुरुस्त करने में जुट गया है।
विज्ञापन

बांदा-कालिंजर-नरैनी बाईपास (दूसरा फेज) में 10.70 किलोमीटर लंबी फोरलेन सड़क बननी थी। बसपा सरकार में स्वीकृति और बजट के बाद अधिकांश कार्य सपा सरकार में हुआ। मुख्य अभियंता ज्ञान प्रकाश पांडेय की पिछले माह जांच में उजागर हुआ कि आवंटित 44 लाख खर्च कर दिया गया और काम अधूरा रहा।
विज्ञापन

दो किलोमीटर सड़क बनी ही नहीं और दो किलोमीटर में सिर्फ मिट्टी डाली गई। मुख्य अभियंता ने निर्माण खंड-एक के मौजूदा अधिशासी अभियंता से पूरे अभिलेख तलब करने के साथ ही नया इस्टीमेट मांगा है। साथ ही मुख्य अभियंता से उच्च स्तरीय जांच टीम गठित करने का अनुरोध किया है। बांदा के अधीक्षण अभियंता को खुद जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की संस्तुति भेजने के निर्देश दिए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

मुख्य अभियंता की जांच में सवा 6 करोड़ की मिट्टी के इस्टीमेट को सवा 20 करोड़ का भुगतान के घपले के साथ ही यह भी सामने आया कि अतिरिक्त मद में 10.63 करोड़ की लागत वाले मुख्य अभियंता से अनुमोदित मिट्टी काम में तत्कालीन अभियंताओं ने फर्जी खर्च दिखाया। मुख्य अभियंता ने कहा है कि प्रांतीय खंड के खंडीय लेखाधिकारी ने उन्हें बताया है कि इसमें 5 करोड़ रुपये व्यय किया गया है।
जांच के घेरे में कई एक्सईएन
बांदा। बाईपास निर्माण मिट्टी घोटाले की जांच में लगभग आधा दर्जन अधिशासी अभियंताओं सहित कई सहायक और अवर अभियंता फंस सकते हैं। बाईपास का काम वर्ष 2011-12 से शुरू हुआ था। वर्ष 2016 तक चला।

इस दौरान यहां प्रांतीय खंड में आधा दर्जन से ज्यादा अधिशासी अभियंता रहे। इनमें से एक अधिशासी अभियंता राजीव कुमार श्रीवास्तव मौजूदा में हमीरपुर में प्रांतीय खंड में इसी पद पर हैं। वर्ष 2012 से 2017 तक विपिन पचौरिया, सुमंत कुमार, राजेश कुमार, अजय कुमार, राजीव कुमार श्रीवास्तव, रामनरेश दोहरे, आरसी पटेरिया, आरसी शुक्ला आदि यहां अधिशासी अभियंता रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed