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धर्म गुरु को फांसी के विरोध में प्रदर्शन
ब्यूरो/अमर उजाला, बांदा
Updated Wed, 06 Jan 2016 11:41 PM IST
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बांदा। सऊदी अरब में शिया धर्मगुरु शेख बाकर अलनिर्म
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को फांसी देने के विरोध में बुधवार को शिया समुदाय ने विरोध प्रदर्शन किया।
डीएम के माध्यम से राष्ट्रपति को भेजे ज्ञापन में इसकी कड़ी निंदा करते हुए सऊदी अरब हुकूमत पर इस मामले में कार्रवाई का दबाव डालने की मांग की।
शिया समुदाय के दर्जनों लोग नारेबाजी करते हुए कलेक्ट्रेट आए। यहां डीएम सुरेश कुमार को ज्ञापन सौंपा। इसमें कहा कि शिया धर्म गुरु को सऊदी हुकूमत द्वारा फांसी दिए जाना निंदनीय है।
यह तानाशाही का रवैया है। पूरी दुनिया के साथ बुंदेलखंड के बाशिंदों में इसके प्रति नाराजगी है। शेख बाकर इंसानियत का पैगाम देना चाहते थे।
उन्होंने वहां की तानाशाह हुकूमत से मानवाधिकार की मांग की थी। इसी पर उन्हें फांसी दे दी गई। कई अन्य पर गोलियां चलाई गईं और तमाम लोगों को गिरफ्तार किया गया।
डीएम सुरेश कुमार ने भरोसा दिलाया कि ज्ञापन राष्ट्रपति कार्यालय को भेजा जाएगा। प्रदर्शन की अगुवाई मौलाना सैय्यद इमरान रजा गदीरी (इमामे जुमा) ने की।
जाफर इमाम, शोएब रिजवी, इरतिजा मेहंदी, अली इमाम आब्दी, रजा मेहंदी, मोहम्मद रजा, अली अकबर, जफर रजा, असगर, अली हैदर, बदरे आलम, शुजात हुसैन आदि शामिल रहे।
डीएम के माध्यम से राष्ट्रपति को भेजे ज्ञापन में इसकी कड़ी निंदा करते हुए सऊदी अरब हुकूमत पर इस मामले में कार्रवाई का दबाव डालने की मांग की।
शिया समुदाय के दर्जनों लोग नारेबाजी करते हुए कलेक्ट्रेट आए। यहां डीएम सुरेश कुमार को ज्ञापन सौंपा। इसमें कहा कि शिया धर्म गुरु को सऊदी हुकूमत द्वारा फांसी दिए जाना निंदनीय है।
यह तानाशाही का रवैया है। पूरी दुनिया के साथ बुंदेलखंड के बाशिंदों में इसके प्रति नाराजगी है। शेख बाकर इंसानियत का पैगाम देना चाहते थे।
उन्होंने वहां की तानाशाह हुकूमत से मानवाधिकार की मांग की थी। इसी पर उन्हें फांसी दे दी गई। कई अन्य पर गोलियां चलाई गईं और तमाम लोगों को गिरफ्तार किया गया।
डीएम सुरेश कुमार ने भरोसा दिलाया कि ज्ञापन राष्ट्रपति कार्यालय को भेजा जाएगा। प्रदर्शन की अगुवाई मौलाना सैय्यद इमरान रजा गदीरी (इमामे जुमा) ने की।
जाफर इमाम, शोएब रिजवी, इरतिजा मेहंदी, अली इमाम आब्दी, रजा मेहंदी, मोहम्मद रजा, अली अकबर, जफर रजा, असगर, अली हैदर, बदरे आलम, शुजात हुसैन आदि शामिल रहे।