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बुखार का कहर, मासूम समेत तीन की मौत

Mon, 13 Sep 2021 11:29 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Mon, 13 Sep 2021 11:29 PM IST
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Fever havoc, death of three including innocent
बांदा। डेंगू और मलेरिया की रफ्तार कमजोर पड़ी तो बुखार ने कहर बरपाना शुरू कर दिया है। चंद घंटे में जिला अस्पताल में भर्ती मासूम व महिला समेत तीन लोगों ने बुखार से दम तोड़ दिया है।
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उधर, मेडिकल कॉलेज और जिला अस्पताल में लगभग 30 बुखार के मरीज भर्ती किए गए हैं। हालांकि, वायरल फीवर होने से स्वास्थ्य विभाग राहत महसूस कर रहा है। बिसंडा पीएचसी क्षेत्र के चौसड़ गांव निवासी सुरेश के आठ वर्षीय पुत्र छोटू को तेज बुखार था।
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सोमवार को सुबह उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। यहां कुछ देर बाद उसकी मृत्यु हो गई। इसी तरह मसुरी (गिरवां) गांव निवासी देवीदीन की पत्नी केसनिया (40) बुखार से पीड़ित थी। रविवार की शाम परिजनों ने उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया।
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सोमवार को सुबह उसने दम तोड़ दिया। अतर्रा सीएचसी क्षेत्र के खम्हौरा गांव निवासी जुगुल किशोर के बेटे कुंवर (20) को परिजनों ने रविवार की शाम तेज बुखार होने पर जिला अस्पताल ट्रामा सेंटर में भर्ती कराया। सोमवार को सुबह इलाज के दौरान उसने दम तोड़ दिया।
तीनों शव अस्पताल प्रशासन ने उनके परिजनों को सौंप दिया। उधर, मेडिकल कॉलेज में सोमवार को लगभग ओपीडी में लगभग 1200 और जिला अस्पताल की ओपीडी में करीब 1500 मरीज पहुंचे। जिला अस्पताल में बुखार से हालत गंभीर होने पर 12 और मेडिकल कालेज में 18 मरीजों को भर्ती किया गया है।
सभी का इलाज चल रहा है। मेडिकल कॉलेज प्रधानाचार्य डा. मुकेश कुमार यादव और जिला अस्पताल सीएमएस डा. यूबी सिंह ने बताया कि दवाएं पर्याप्त हैं। डेंगू, मलेरिया समेत संक्रामक बीमारियों की जरूरी दवाएं मौजूद हैं।
डेंगू-मलेरिया का नया केस नहीं
बांदा। दो दिनों से डेंगू और मलेरिया का कोई नया केस सामने नहीं आया। स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के मुताबिक, डेंगू के कुल छह केस मिले थे। इनमें चार स्वस्थ हो चुके। दो मरीजों का बांदा और कानपुर में इलाज चल रहा है।
इसी तरह मलेरिया संदिग्धों के 54 मरीज पाए गए। सभी की स्लाइड बनाई गई। मात्र एक पॉजिटिव केस मिला था। अब वह भी स्वस्थ होकर घर पहुंच गया।
सात दिन में बुखार के 1531 मरीज मिले
बांदा। जिला मलेरिया अधिकारी पूजा अहिरवार ने बताया कि 10 दिवसीय विशेष अभियान के तहत जिले में 578 टीमें घर-घर सर्वे कर मरीजों को खोज रही हैं। अब तक 1,60,092 घरों का भ्रमण किया गया। 1531 बुखार के मरीज चिह्नित किए गए हैं।
रविवार को 336 बुखार के मरीज पाए गए। सभी की सूची तैयार कर उन्हें उचित इलाज की सलाह दी गई। मलेरिया संदिग्ध 113 मरीजों की स्लाइड बनाई गई। फिलहाल किसी में मलेरिया की पुष्टि नहीं हुई। कोविड-19 का भी कोई केस सामने नहीं आया।

विशेष अभियान 16 सितंबर तक चलेगा। उन्होंने बताया कि प्राइवेट अस्पताल में डेंगू संदिग्ध मरीज की जानकारी होने पर मंगलवार को उसके स्योढ़ा गांव में लार्वा निरोधात्मक कार्रवाई की जाएगी।
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