फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Banda News ›   Farmers are spending the night of Poos in the fields

Banda News: खेतों में कट रही किसानों की पूस की रात

Sun, 29 Dec 2024 11:24 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Sun, 29 Dec 2024 11:24 PM IST
विज्ञापन
Farmers are spending the night of Poos in the fields
पैलानी (बांदा)। अन्ना मवेशियों से फसलें बचाने के लिए किसानों को पूस की रात खेतों में काटनी पड़ रही है। अन्ना गोवंश जरा सा मौका पाते ही फसल चर लेते हैं। इस कारण किसान शाम होते ही खेतों में पहुंच जाते हैं। पूरी रात जगकर फसल की रखवाली करने के लिए मजबूर हैं।
विज्ञापन




तहसील क्षेत्र के अलोना, खप्टिहाकलां, पैलानी, सिंधन, पिपरहरी, गजहा डेरा, छनिहा डेरा सहित कई गांवों के किसान इन दिनों अन्ना गोवंशों से फसलें बचाने के लिए दिन-रात एक कर दिए हैं। खेतों में बोई मटर, गेहूं, चना आदि की फसलों को बचाना मुश्किल हो रहा है। अन्ना गोवंश का झुंड खेतों में खड़ी फसलों को मौका पाते ही चर लेते हैं। कुछ किसान खेतों पर मचान बनाकर समूहों के रूप में फसलों की रखवाली कर रहे हैं।
विज्ञापन

खप्टिहाकलां के किसान अंकित तोमर, बुधराज यादव, सुनील लाला, राजेंद्र यादव, अशोक द्विवेदी, दुर्गा यादव, दिनेश तिवारी, उमाशंकर दुबे, बच्चू शुक्ला, मनोज शुक्ला, रामकिशोर प्रजापति, विष्णु यादव, जगन्नाथ निषाद ने बताया कि क्षेत्र के कई गांवों में 400 से ज्यादा गोवंशों का झुंड घूमता रहता है। जो रात के समय फसलों को निशाना बना रहे हैं। किसान बडकू निषाद, टंडन सिंह, जगतपाल निषाद, महेंद्र सिंह का कहना है कि गांवों की गोशालाएं खाली हैं। गोवंश बाहर घूम रहे हैं। किसानों की समस्या पर बात करने पर एसडीएम शशिभूषण मिश्रा का कहना है कि गोशालाओं का समय-समय पर निरीक्षण किया जाता है। गोवंशों के बाहर होने की जानकारी मिलने पर गोशाला संचालकों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed