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फांसी लगाकर तीन लोगो ने दी जान

Sun, 30 Sep 2018 11:45 PM IST
Updated Sun, 30 Sep 2018 11:45 PM IST
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फांसी लगाकर तीन लोगो ने दी जान
बांदा। विभिन्न थाना क्षेत्रों में 24 घंटे के दौरान क्रेशर मजदूर, दलित युवक और 11 वर्षीय किशोर ने फांसी लगाकर जान दे दी। तीनों घटनाएं अलग-अलग स्थानों की हैं। दलित युवक की मां ने हत्या की आशंका जताई है। क्रेशर मजदूर की मौत के पीछे उसके ऊपर 4 लाख का कर्ज बताया गया है, जो उसने परिचित लोगों से ले रखा था। किशोर की आत्महत्या की वजह स्पष्ट नहीं हो पा रही। पुलिस ने तीनों शवों का पोस्टमार्टम कराया है।
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क्रेशर में काम करने वाले मजदूर ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। वह घर से रात में क्रेशर जाने की बात कहकर निकला था। सुबह सुबह रास्ते में पेड़ पर शव टंगा मिला। परिजनों के मुताबिक लगभग चार लाख रुपये कर्ज से परेशान होकर आत्महत्या की है।
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शहर कोतवाली क्षेत्र के तिंदवारा का मेवालाल यादव (40) गांव के नजदीक स्थित क्रेशर में काम करता था। शनिवार शाम काम पर जाने की बात कहकर घर से निकला था। सुबह क्रेशर और गांव के बीच सुनसान इलाके में पेड़ से शव फंदे पर टंगा मिला। परिजन और पुलिस आत्महत्या बता रहे हैं। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया है।
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मृतक के पुत्र अर्पित ने बताया कि मां उत्तरा के इलाज के लिए पिता मेवालाल ने कुछ लोगों से लगभग छह लाख रुपये लिया था। एक बीघा जमीन बेचकर दो लाख रुपये अदा कर दिया था। चार लाख शेष थे। इसे लेकर वह काफी तनावग्रस्त और परेशान रहते थे। इसी चिंता और तनाव में आत्महत्या की है। एक पुत्री सुधा शादी योग्य है।

उधर, खेतिहर मजदूर का 11 वर्षीय पुत्र बटाई में लिए खेत की मेड़ में लगे बबूल के पेड़ पर साफी बांधकर फांसी लगा ली। वह गांव के परिषदीय स्कूल में तीसरी कक्षा में पढ़ता था। परिजन आत्महत्या की कोई वजह नहीं बता पा रहे हैं।

सदर तहसील और देहात कोतवाली क्षेत्र के चकचटगन गांव में शनिवार की शाम करीब 4 बजे सरवन निषाद का 11 वर्षीय दीपक घर से खेत फसल रखवाली की बात कहकर निकला था। फिर वापस नहीं लौटा। कुछ ही देर बाद बड़े भाई प्रदीप ने उसका शव बबूल के पेड़ लटका देखा।

उसने शव को नीचे उतारा और परिजनों की सूचना पर पहुंची थाना पुलिस ने शव को पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पिता सरवन ने बताया कि एक दिन पूर्व शुक्रवार को स्कूल में दीपक ने अपने सहपाठी से फांसी लगाने की बात कही थी, लेकिन किसी ने गंभीरता से नहीं लिया। वजह पता नहीं चली। मृतक के तीन भाई और हैं। किशोर की मौत से परिजनों का हाल बेहाल है।

इसके अलावा तिंदवारी थाना क्षेत्र के मजरा भैरमपुरवा (बेंदा) में शनिवार की रात नीतूराम वर्मा पुत्र श्याम वर्मा ने गांव के पास जंगल में नीम के पेड़ में रस्सी बांधकर फांसी लगा ली। सुबह ग्रामीणों ने शव लटकता देखा। बेंदा ग्राम प्रधान प्रतिनिधि विवेक कुमार सिंह भी मौके पर पहुंचे और थाने व बेंदा चौकी को सूचना दी। चौकी इंचार्ज अनूप कुमार पांडेय ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।


उधर, मृतक की मां कल्ली देवी का आरोप है कि किसी ने पुत्र की हत्या कर शव टांग दिया है। मृतक का मुंह उसी की शर्ट से बंधा हुआ था। मां का यह भी कहना है कि किसी से कोई दुश्मनी नहीं है। रात में पूरा परिवार रोजमर्रा की तरह सो रहा था। इसी समय नीतूराम घर से निकल गया। थाना इंस्पेक्टर अंगद प्रताप सिंह ने बताया कि प्रथम दृष्टया आत्महत्या है। परिजनों ने हत्या जैसी कोई तहरीर भी नहीं दी है।
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