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मांद से बाहर आया बबुली, कोल्हुवां जंगल में डाला डेरा
Updated Wed, 20 Dec 2017 11:33 PM IST
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मांद से बाहर आया बबुली, कोल्हुवां जंगल में डाला डेरा
बदौसा। लंबी चुप्पी के बाद बबुली कोल गैंग फिर मांद से बाहर निकला है। पाठा क्षेत्र में पिछले दिनों काफी कहर ढहाने के बाद पुलिस पीछे लगी तो कहीं गुम हो गया। पांच लाख के इनामी दस्यु सरगना ने अब गिरोह के साथ इन दिनों अपना डेरा बांदा जनपद के फतेहगंज थाना क्षेत्र के कोल्हुवां जंगल में डाल दिया है। पुलिस इससे अनभिज्ञ है। आदिवासी ग्रामीण और वन कर्मचारी जंगल में जाने की हिम्मत नहीं कर रहे हैं।
ग्रामीणों के मुताबिक बबुली कोल के गिरोह में इन दिनों 13 सदस्य देखे जा रहे हैं। इनमें पांच पुलिस वर्दी में हैं। सहमे ग्रामीणों ने दबी जुबान बताया कि मंगलवार को मध्य प्रदेश की सरहद पर स्थित देव पहाड़ से सुबह करीब 10 बजे गैंग नीचे उतरा। कोल्हुवां जंगल में स्थित बान गंगा नदी के टाकिन घाट पर लगभग दो घंटे तक गिरोह के सदस्य नहाते-धोते रहे। इस दौरान दो बदमाश ऊंचाई पर टीले में खड़े चारों ओर निगरानी करते रहे। यह भी बताया कि शाम को गिरोह जंगल के किनारे स्थित बघोलन गांव पहुंचा। वहां खाना खाने के बाद जंगल की तरफ रवाना हो गया।
उधर, डकैतों के धमकने की खबर फैलते ही जंगल में काम में मौजूद ग्रामीण और वन कर्मचारी भाग खड़े हुए। लकड़ी काटने गए आदिवासी भी घरों को लौट आए। अब वह जंगल नहीं जा रहे। कुछ ग्रामीणों ने यह भी बताया कि डकैतों का फरमान है कि कोई भी चरवाहा या लकड़ी काटने वाला ग्रामीण अथवा अन्य आदिवासी पहाड़ पर नहीं आएगा। डकैतों की इस धमाचौकड़ी से क्षेत्र के लोगों में दहशत है। उधर, फतेहगंज के नवागंतुक थानाध्यक्ष रवि प्रकाश ने बताया कि फिलहाल उनके क्षेत्र में गैंग होने की उन्हें कोई सूचना नहीं है। कांबिंग और तेज की जाएगी। डकैतों को टिकने नहीं दिया जाएगा।
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लवलेश से मिलने आया था गैंग
बदौसा। दो माह पूर्व मानिकपुर में मुठभेड़ में गोली लगने से घायल 50 हजार का इनामी दस्यु लवलेश कोल पूरी तरह ठीक हो चुका है। ग्रामीणों के मुताबिक गोली से घायल लवलेश का इलाज मध्य प्रदेश के सतना जिले के बरौंधा थाना क्षेत्र के एक गांव में किया गया था। लवलेश से मिलने के बाद कोल्हुवां जंगल आया था।
13 डकैतों ने नदी में किया स्नान, पांच डकैत थे पुलिस वर्दी में
सहमे आदिवासियों और वन कर्मियों ने छोड़ी जंगल की राह
डकैतों की मौजूदगी का पुलिस को पता नहीं
अमर उजाला ब्यूरो
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बदौसा। लंबी चुप्पी के बाद बबुली कोल गैंग फिर मांद से बाहर निकला है। पाठा क्षेत्र में पिछले दिनों काफी कहर ढहाने के बाद पुलिस पीछे लगी तो कहीं गुम हो गया। पांच लाख के इनामी दस्यु सरगना ने अब गिरोह के साथ इन दिनों अपना डेरा बांदा जनपद के फतेहगंज थाना क्षेत्र के कोल्हुवां जंगल में डाल दिया है। पुलिस इससे अनभिज्ञ है। आदिवासी ग्रामीण और वन कर्मचारी जंगल में जाने की हिम्मत नहीं कर रहे हैं।
ग्रामीणों के मुताबिक बबुली कोल के गिरोह में इन दिनों 13 सदस्य देखे जा रहे हैं। इनमें पांच पुलिस वर्दी में हैं। सहमे ग्रामीणों ने दबी जुबान बताया कि मंगलवार को मध्य प्रदेश की सरहद पर स्थित देव पहाड़ से सुबह करीब 10 बजे गैंग नीचे उतरा। कोल्हुवां जंगल में स्थित बान गंगा नदी के टाकिन घाट पर लगभग दो घंटे तक गिरोह के सदस्य नहाते-धोते रहे। इस दौरान दो बदमाश ऊंचाई पर टीले में खड़े चारों ओर निगरानी करते रहे। यह भी बताया कि शाम को गिरोह जंगल के किनारे स्थित बघोलन गांव पहुंचा। वहां खाना खाने के बाद जंगल की तरफ रवाना हो गया।
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उधर, डकैतों के धमकने की खबर फैलते ही जंगल में काम में मौजूद ग्रामीण और वन कर्मचारी भाग खड़े हुए। लकड़ी काटने गए आदिवासी भी घरों को लौट आए। अब वह जंगल नहीं जा रहे। कुछ ग्रामीणों ने यह भी बताया कि डकैतों का फरमान है कि कोई भी चरवाहा या लकड़ी काटने वाला ग्रामीण अथवा अन्य आदिवासी पहाड़ पर नहीं आएगा। डकैतों की इस धमाचौकड़ी से क्षेत्र के लोगों में दहशत है। उधर, फतेहगंज के नवागंतुक थानाध्यक्ष रवि प्रकाश ने बताया कि फिलहाल उनके क्षेत्र में गैंग होने की उन्हें कोई सूचना नहीं है। कांबिंग और तेज की जाएगी। डकैतों को टिकने नहीं दिया जाएगा।
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लवलेश से मिलने आया था गैंग
बदौसा। दो माह पूर्व मानिकपुर में मुठभेड़ में गोली लगने से घायल 50 हजार का इनामी दस्यु लवलेश कोल पूरी तरह ठीक हो चुका है। ग्रामीणों के मुताबिक गोली से घायल लवलेश का इलाज मध्य प्रदेश के सतना जिले के बरौंधा थाना क्षेत्र के एक गांव में किया गया था। लवलेश से मिलने के बाद कोल्हुवां जंगल आया था।
13 डकैतों ने नदी में किया स्नान, पांच डकैत थे पुलिस वर्दी में
सहमे आदिवासियों और वन कर्मियों ने छोड़ी जंगल की राह
डकैतों की मौजूदगी का पुलिस को पता नहीं
अमर उजाला ब्यूरो