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मंडल कारागार में आर्ट ऑफ लिविंग शिविर का समापन
ब्यूरो/अमर उजाला, बांदा
Updated Sun, 18 Jan 2015 11:47 PM IST
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मंडल कारागार में आयोजित चार दिवसीय आर्ट ऑफ लिविंग का योग प्रशिक्षण रविवार को खत्म हो गया। योग गुरु ने आसन के तौर-तरीकों के साथ बंदियों को मानसिक तनाव से दूर रहने की नसीहत दी।
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जनपद न्यायाधीश, जिलाधिकारी व पुलिस अधीक्षक ने भी योग के फायदे बताए। बंदियों के भजन-कीर्तन से सब मंत्रमुग्ध हो गए। योग गुरु अनुराग ने अब तक सिखाए गए योगासनों को रोजाना सुबह दोहराने को कहा।
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सुदर्शन क्रिया पर विशेष जोर दिया। इस अवसर पर मौजूद जिला जज रामकृष्ण गौतम ने कहा कि योग से मन-मस्तिष्क अच्छा रहता है। शरीर के विकार दूर होते हैं।
डीएम सुरेश कुमार व एसपी पीयूष श्रीवास्तव ने भी योग के फायदे बताए और बंदियों को नियम-संयम व अपराध मुक्त जीवन जीने को कहा। इस अवसर पर जेल अधीक्षक एचबी सिंह, प्रभारी जेलर रतन कुमार आदि उपस्थित रहे।
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उधर, जेल की महिला बैरक में जिलाधिकारी की पत्नी डॉ.विमलेश ने महिलाओं को योग के गुर सिखाए। कुछ महिला बंदियों ने आकर्षक रंगोली सजाई। संस्था से जुड़ी अन्य महिलाओं ने उन्हें सम्मानित किया। ब्यूरो