{"_id":"6231989d0aec9220b1f6cfe5548f26c0","slug":"absent-from-schools-56-teachers-salary-withheld-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"स्कूलों से नदारद 56 अध्यापकों का वेतन रोका","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
स्कूलों से नदारद 56 अध्यापकों का वेतन रोका
ब्यूरो/अमर उजाला, बांदा
Updated Thu, 28 Jan 2016 11:53 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बांदा। स्कूलों से नदारद रहने वाले शिक्षकों पर
विज्ञापन
बृहस्पतिवार को बड़ी कार्रवाई हुई है। 56 स्कूलों के करीब 60 शिक्षकों का
एक से दो दिन का वेतन रोका गया है।
इन सभी से स्पष्टीकरण मांगा गया है। इनमें करीब दो दर्जन महिला टीचर भी हैं। सघन निरीक्षण डीएम के निर्देश पर एबीएसए और सर्व शिक्षा अभियान से जुड़े अधिकारियों ने किया।
बृहस्पतिवार को स्कूल से नदारद रहने या लेट-लतीफ पहुंचने पर तिंदवारी क्षेत्र के सहायक अध्यापक महेश कुमार (सादीमदनपुर), गुड़िया (चिल्ला), सुनीता (दोहतरा), जयपाल सिंह (बंशीडेरा), सरोज कुमारी, किरन देवी, धीरेंद्र सिंह और वंदना तथा इंचार्ज प्रधानाध्यापक रमाकांत (बरेठीकलां), देव शरण (गुगौली) शामिल हैं।
प्रेमलता, ममता श्रीवास, नीलम देवी (भिड़ौरा), संतोष जायसवाल, प्रीती देवी व प्रधानाध्यापक शिव शरण (माटा), माया देवी व पूनम यादव (जसईपुर), राजानाती (गोधनी), श्रीकृष्ण (भुजौली), रमेशचंद्र व प्रधानाध्यापक महाराज प्रसाद, अनुदेशक कविता देवी (पिपरगवां), उदयभान सिंह (गरौंती) शामिल हैं।
रेनू सोनकर (झुन्नी का डेरा), अवधेश कुमार व इंचार्ज प्रधानाध्याक विजय कुमार (उसरा), वृंदावन मिश्रा (लुकतरा), कल्पना सिंह (बेंदाघाट), शिवचरण यादव (बेंदा), अनुदेशक चित्रलेखा व रितेश कुमार (जौहरपुर), रीतू सिंह (देवरा), स्मृति द्विवेदी व रामऔतार (नरी), राम लखन (कछार डेरा) और अल्ताफ (अमलोर) शामिल हैं।
इनके अलावा कई प्रधानाध्यापकों का भी एक दिन का वेतन रोक कर स्पष्टीकरण मांगा गया है। इनमें विजय अग्रवाल (बंबिया), सुमनलता (पुरानी तिंदवारी), परशुराम वर्मा (अरसौड़ा), कमलेश कुमार (भुजौली), मुकेश कुमार (अमान डेरा), भागवत प्रसाद (सांड़ी) शामिल हैं।
गिरीश कुमार श्रीवास्तव व जयश्री साहू (खप्टिहाकलां), उर्मिला देवी (जमालपुर), संतोष कुमार (लुकतरा), आल्हा सिंह (देवरा), प्रेमचंद्र सिंह (दामिनताला), धनंजय कुमार (लुकतरा) शामिल हैं।
इनके अलावा शिक्षामित्र अर्चना पटेल (पलरा), उमा (पुरानी तिंदवारी), राजमणि अवस्थी (चटगन) भी शामिल हैं। तिंदवारी क्षेत्र के गोधनी गांव का प्राथमिक विद्यालय बंद मिला।
यहां पूरे स्टाफ का एक दिन का वेतन रोका गया है। जिला बेसिक शिक्षा ओपी त्रिपाठी ने अपने आदेश में कहा है कि संतोषजनक स्पष्टीकरण न मिलने तक वेतन नहीं मिलेगा।
इन सभी से स्पष्टीकरण मांगा गया है। इनमें करीब दो दर्जन महिला टीचर भी हैं। सघन निरीक्षण डीएम के निर्देश पर एबीएसए और सर्व शिक्षा अभियान से जुड़े अधिकारियों ने किया।
बृहस्पतिवार को स्कूल से नदारद रहने या लेट-लतीफ पहुंचने पर तिंदवारी क्षेत्र के सहायक अध्यापक महेश कुमार (सादीमदनपुर), गुड़िया (चिल्ला), सुनीता (दोहतरा), जयपाल सिंह (बंशीडेरा), सरोज कुमारी, किरन देवी, धीरेंद्र सिंह और वंदना तथा इंचार्ज प्रधानाध्यापक रमाकांत (बरेठीकलां), देव शरण (गुगौली) शामिल हैं।
प्रेमलता, ममता श्रीवास, नीलम देवी (भिड़ौरा), संतोष जायसवाल, प्रीती देवी व प्रधानाध्यापक शिव शरण (माटा), माया देवी व पूनम यादव (जसईपुर), राजानाती (गोधनी), श्रीकृष्ण (भुजौली), रमेशचंद्र व प्रधानाध्यापक महाराज प्रसाद, अनुदेशक कविता देवी (पिपरगवां), उदयभान सिंह (गरौंती) शामिल हैं।
रेनू सोनकर (झुन्नी का डेरा), अवधेश कुमार व इंचार्ज प्रधानाध्याक विजय कुमार (उसरा), वृंदावन मिश्रा (लुकतरा), कल्पना सिंह (बेंदाघाट), शिवचरण यादव (बेंदा), अनुदेशक चित्रलेखा व रितेश कुमार (जौहरपुर), रीतू सिंह (देवरा), स्मृति द्विवेदी व रामऔतार (नरी), राम लखन (कछार डेरा) और अल्ताफ (अमलोर) शामिल हैं।
इनके अलावा कई प्रधानाध्यापकों का भी एक दिन का वेतन रोक कर स्पष्टीकरण मांगा गया है। इनमें विजय अग्रवाल (बंबिया), सुमनलता (पुरानी तिंदवारी), परशुराम वर्मा (अरसौड़ा), कमलेश कुमार (भुजौली), मुकेश कुमार (अमान डेरा), भागवत प्रसाद (सांड़ी) शामिल हैं।
गिरीश कुमार श्रीवास्तव व जयश्री साहू (खप्टिहाकलां), उर्मिला देवी (जमालपुर), संतोष कुमार (लुकतरा), आल्हा सिंह (देवरा), प्रेमचंद्र सिंह (दामिनताला), धनंजय कुमार (लुकतरा) शामिल हैं।
इनके अलावा शिक्षामित्र अर्चना पटेल (पलरा), उमा (पुरानी तिंदवारी), राजमणि अवस्थी (चटगन) भी शामिल हैं। तिंदवारी क्षेत्र के गोधनी गांव का प्राथमिक विद्यालय बंद मिला।
यहां पूरे स्टाफ का एक दिन का वेतन रोका गया है। जिला बेसिक शिक्षा ओपी त्रिपाठी ने अपने आदेश में कहा है कि संतोषजनक स्पष्टीकरण न मिलने तक वेतन नहीं मिलेगा।