{"_id":"60ec71a58ebc3e02711e9349","slug":"the-head-has-passed-the-investigation-of-125-villages-could-not-be-completed-ballia-news-vns6000763152","type":"story","status":"publish","title_hn":"बीत गई प्रधानी, 125 गांवों की जांच नहीं हो सकी पूरी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बीत गई प्रधानी, 125 गांवों की जांच नहीं हो सकी पूरी
विज्ञापन
बलिया। जिले के विभिन्न गांवों के विकास कार्यों में अनियमितता की शिकायतें हैं। इन शिकायतों की जांच का निर्देश समय समय पर डीएम की ओर त्रिस्तरीय कमेटी गठित करते हुए दी गई। प्रधानों का कार्यकाल पूरा होने के बावजूद 125 गांवों की जांच विभिन्न अधिकारियों के यहां लटकी पड़ी हैं। अधिकांश जांच दो-तीन सालों से लटकी हैं।
प्रदेश सरकार की ओर से शिकायतों का निस्तारण समयबद्ध तरीके से करने का निर्देश दिया है। जिले में खासकर ग्राम पंचायतों में कराए गए विकास कार्यों में धांधली की शिकायतें डीएम के आदेश के बावजूद संबंधित ब्लॉक के नोडल अधिकारियों के बस्ते में साल दो साल से पड़ी हैं। जिले में ब्लॉकवार नोडल अधिकारी की तैनाती की गई है ताकि वह गांवों के विकास कार्यों पर नजर रखेें और शिकायतों का निस्तारण करें। लेकिन धरातल पर स्थिति विपरीत है। बीते दो सालों में जिलाधिकारी ने सभी 17 ब्लॉक के कुल 948 ग्राम पंचायतों के सापेक्ष 234 शिकायतें आई जिसकी जांच की जिम्मेदारी संबंधित ब्लॉक के नोडल अधिकारियों को दी। लेकिन जांच की गति किस कदर धीमी है, इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि केवल 109 शिकायतों की ही जांच पूरी हो सकी है और 125 शिकायतें नोडल अधिकारियों के बस्ते में है। अब सभी ग्राम प्रधानों का कार्यकाल भी पूरा हो चुका है लेकिन इसके बावजूद स्थिति ज्यों की त्यों बनी हुई है।
इन अधिकारियों के यहां लंबित हैं जांच
बलिया। जिले के कुल 948 ग्राम पंचायतों के सापेक्ष 125 ग्राम पंचायतों में कराए गए विकास कार्यों में धांधली की शिकायतें लंबित हैं। इसमें चिलकहर ब्लॉक के नोडल अधिकारी उप कृषि उपनिदेशक, लघु सिंचाई विभाग के सहायक अभियंता, जिला कृषि अधिकारी, महाप्रबंधक जिला उद्योग केंद्र, जिला पूर्ति अधिकारी, भूमि संरक्षण अधिकारी, अधिशासी अभियंता लोनिवि निर्माण खंड के यहां 10 से अधिक गांवों की शिकायतें लंबित हैं। इसके अलावा, लेखाधिकारी बीएसए, जिला अर्थ और संख्याधिकारी, डीआरडीए के पीडी, अपर मुख्याधिकारी जिला पंचायत, जिला विपणन अधिकारी, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी, सहायक निबंधक सहकारिता, बीएसए, जिला उद्यान अधिकारी व लेखाधिकारी जिला पंचायत के यहां भी कई गांवों की जांच लंबित हैं। इनमें कई शिकायतें वर्ष 2018 व 2019 की भी हैं।
विज्ञापन
पूर्व की लंबित जांचों को जल्द पूरा करने का निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिया गया है। कई अधिकारियों के यहां जांच की कार्रवाई अंतिम दौर में है। - प्रवीण वर्मा, सीडीओ, बलिया
विज्ञापन
प्रदेश सरकार की ओर से शिकायतों का निस्तारण समयबद्ध तरीके से करने का निर्देश दिया है। जिले में खासकर ग्राम पंचायतों में कराए गए विकास कार्यों में धांधली की शिकायतें डीएम के आदेश के बावजूद संबंधित ब्लॉक के नोडल अधिकारियों के बस्ते में साल दो साल से पड़ी हैं। जिले में ब्लॉकवार नोडल अधिकारी की तैनाती की गई है ताकि वह गांवों के विकास कार्यों पर नजर रखेें और शिकायतों का निस्तारण करें। लेकिन धरातल पर स्थिति विपरीत है। बीते दो सालों में जिलाधिकारी ने सभी 17 ब्लॉक के कुल 948 ग्राम पंचायतों के सापेक्ष 234 शिकायतें आई जिसकी जांच की जिम्मेदारी संबंधित ब्लॉक के नोडल अधिकारियों को दी। लेकिन जांच की गति किस कदर धीमी है, इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि केवल 109 शिकायतों की ही जांच पूरी हो सकी है और 125 शिकायतें नोडल अधिकारियों के बस्ते में है। अब सभी ग्राम प्रधानों का कार्यकाल भी पूरा हो चुका है लेकिन इसके बावजूद स्थिति ज्यों की त्यों बनी हुई है।
विज्ञापन
इन अधिकारियों के यहां लंबित हैं जांच
बलिया। जिले के कुल 948 ग्राम पंचायतों के सापेक्ष 125 ग्राम पंचायतों में कराए गए विकास कार्यों में धांधली की शिकायतें लंबित हैं। इसमें चिलकहर ब्लॉक के नोडल अधिकारी उप कृषि उपनिदेशक, लघु सिंचाई विभाग के सहायक अभियंता, जिला कृषि अधिकारी, महाप्रबंधक जिला उद्योग केंद्र, जिला पूर्ति अधिकारी, भूमि संरक्षण अधिकारी, अधिशासी अभियंता लोनिवि निर्माण खंड के यहां 10 से अधिक गांवों की शिकायतें लंबित हैं। इसके अलावा, लेखाधिकारी बीएसए, जिला अर्थ और संख्याधिकारी, डीआरडीए के पीडी, अपर मुख्याधिकारी जिला पंचायत, जिला विपणन अधिकारी, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी, सहायक निबंधक सहकारिता, बीएसए, जिला उद्यान अधिकारी व लेखाधिकारी जिला पंचायत के यहां भी कई गांवों की जांच लंबित हैं। इनमें कई शिकायतें वर्ष 2018 व 2019 की भी हैं।
विज्ञापन
पूर्व की लंबित जांचों को जल्द पूरा करने का निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिया गया है। कई अधिकारियों के यहां जांच की कार्रवाई अंतिम दौर में है। - प्रवीण वर्मा, सीडीओ, बलिया