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Ballia News: फर्जी जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र के अंतरराज्यीय रैकेट का खुलासा, जन सेवा केंद्र का संचालक गिरफ्तार
Wed, 11 Jun 2025 12:48 AM IST
नितीश कुमार पांडेय
अमर उजाला नेटवर्क, बलिया
अमर उजाला नेटवर्क, बलिया
Published by: नितीश कुमार पांडेय
Updated Wed, 11 Jun 2025 12:48 AM IST
सार
जन्म और मृत्यु प्रमाणपत्र में फर्जीवाड़ा करने वाले अंतरराज्यीय रैकेट का खुलासा हुआ है। इस मामले में जन सेवा केंद्र के संचालक को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस अब मामले से जुड़े तार को खंगालने में जुट गई है।
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिला के मणिपुर पुलिस ने फर्जी जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र बनाने वाले अंतरराज्यीय रैकेट का खुलासा किया है। पुलिस तीन दिन पूर्व दोकटी थाना के कोडहरा गांव से जन सेवा संचालक अक्षय यादव को गिरफ्तार कर ले गई है।
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आरोपी ने 250 रुपये प्रति प्रमाण पत्र के हिसाब से 150-200 लोगों के लिए कूटरचित दस्तावेज तैयार किए। इसमें जिला चिकित्सालय अम्बिकापुर के रजिस्ट्रार के फर्जी हस्ताक्षर और सील का दुरुपयोग किया गया। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से एक फर्जी प्रमाण पत्र और घटना में प्रयुक्त मोबाइल जब्त किया है।
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राजमाता देवेंद्र कुमारी मेडिकल कॉलेज के सहायक जिला अस्पताल अधीक्षक डॉ. संटू बाघ ने 20 मार्च 2024 को मणिपुर थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि विभिन्न जन सेंवा के माध्यम से 2006, 1970, 1984 और 2011 के जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र फर्जी तरीके से बनाए जा रहे हैं।
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ये प्रमाण पत्र जिला चिकित्सालय अम्बिकापुर के रजिस्ट्रार के नाम और हस्ताक्षर का दुरुपयोग कर डिजिटल रूप में तैयार किए गए हैं, जबकि 2013 से पहले अस्पताल द्वारा ऐसे कोई प्रमाण पत्र जारी नहीं किए गए थे। शिकायत के साथ छह फर्जी प्रमाण पत्र भी पेश किए गए।
पुलिस ने इस आधार पर मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की। तकनीकी साक्ष्यों और सतत प्रयासों के बाद आरोपी अक्षय कुमार यादव, निवासी कोडहरा, थाना दोकटी का नाम प्रकाश में आया। मणिपुर थाना पुलिस की एक विशेष टीम बलिया के दोकटी थाना पहुंची और आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की।
इस बाबत दोकटी थाना प्रभारी हरिशंकर सिंह ने बताया कि छत्तिसगढ़ के मणिपुर थाना पुलिस आई थी, वह एक जनसेवा संचालक को गिरफ्तार कर ले गई है।