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भोर से ही देवी मंदिरों में उमड़ी भीड़
ब्यूरो/ अमर उजाला बलिया
Updated Sat, 17 Oct 2015 09:34 PM IST
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मंदिरों में भोर से ही भीड़ उमड़ गई। इस दौरान देवी भक्तों ने कतारबद्ध
तरीके से माता का पूजन-अर्चन किया व घंट-घडिय़ाल बजाकर परिवार के
सुख-समृद्धि की कामना की।
भक्तों के जयकारे से पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया। उधर, प्रत्येक घरों में भक्तों ने कूष्मांडा माता की पूजन-अर्चन की। हालांकि मतदान के चलते करीब नौ बजे के बाद भक्त की भीड़ कम देखी गई।
नगर के जापलिनगंज एवं गुदरी बाजार स्थित दुर्गा मंदिर, ब्रह्माइन स्थित ब्राह्मणी देवी, शंकरपुर स्थित शांकरी भवानी, कर्पूरी स्थित कपिलेश्वरी भवानी, सुरही स्थित नवदुर्गा मंदिर, कोरंटाडीह स्थित मंगला भवानी, उचेड़ा स्थित चंडी भवानी, सोनाडीह स्थित भागेश्वरी पारमेश्वरी देवी, निधरिया स्थित काली मंदिर पर देवी भक्तों ने दर्शन किया और मत्था टेका।
साथ ही घंट-घडिय़ाल बजाकर व जयकारे लगाकर परिवार के मंगलमय की कामना की। इस दौरान भक्तों ने नारियल, चुनरी, गुड़हल आदि चढ़ाकर पूजन-अर्चन किया और परिवार के मंगलमय की कामना की। इन दिनों देवी मंदिरों को आधुनिक उपकरण तथा प्राकृतिक फूलों से सजाया गया हैं, जो छटा बिखेर रहा है। वहीं घरों में लोग कलश स्थापन कर श्री दुर्गा सप्तशती का पाठ भी कर रहे हैं।
मंदिरों के आसपास नारियल, चुनरी, लाचीदाना, फूल-माला, खेल-खिलौने आदि की आदि दूकानें भी सजाई गई हैं। जिससे मेले जैसा माहौल कायम है। उधर, चाट, छोले, जलेबी और फुल्की की दूकानों पर पूजन-अर्चन के बाद महिलाओं और बच्चों ने लुफ्त उठाया। भक्तों के सुरक्षा के मद्देनजर मंगला भवानी, ब्राह्मणी देवी, शांकरी देवी, कपिलेश्वरी भवानी मंदिरों पर पुलिस बल तैनात रही। लेकिन मतदान के कारण यह भी ऊंट के मुंह में जीरा के समान रही।
भक्तों के जयकारे से पूरा वातावरण भक्तिमय हो गया। उधर, प्रत्येक घरों में भक्तों ने कूष्मांडा माता की पूजन-अर्चन की। हालांकि मतदान के चलते करीब नौ बजे के बाद भक्त की भीड़ कम देखी गई।
नगर के जापलिनगंज एवं गुदरी बाजार स्थित दुर्गा मंदिर, ब्रह्माइन स्थित ब्राह्मणी देवी, शंकरपुर स्थित शांकरी भवानी, कर्पूरी स्थित कपिलेश्वरी भवानी, सुरही स्थित नवदुर्गा मंदिर, कोरंटाडीह स्थित मंगला भवानी, उचेड़ा स्थित चंडी भवानी, सोनाडीह स्थित भागेश्वरी पारमेश्वरी देवी, निधरिया स्थित काली मंदिर पर देवी भक्तों ने दर्शन किया और मत्था टेका।
साथ ही घंट-घडिय़ाल बजाकर व जयकारे लगाकर परिवार के मंगलमय की कामना की। इस दौरान भक्तों ने नारियल, चुनरी, गुड़हल आदि चढ़ाकर पूजन-अर्चन किया और परिवार के मंगलमय की कामना की। इन दिनों देवी मंदिरों को आधुनिक उपकरण तथा प्राकृतिक फूलों से सजाया गया हैं, जो छटा बिखेर रहा है। वहीं घरों में लोग कलश स्थापन कर श्री दुर्गा सप्तशती का पाठ भी कर रहे हैं।
मंदिरों के आसपास नारियल, चुनरी, लाचीदाना, फूल-माला, खेल-खिलौने आदि की आदि दूकानें भी सजाई गई हैं। जिससे मेले जैसा माहौल कायम है। उधर, चाट, छोले, जलेबी और फुल्की की दूकानों पर पूजन-अर्चन के बाद महिलाओं और बच्चों ने लुफ्त उठाया। भक्तों के सुरक्षा के मद्देनजर मंगला भवानी, ब्राह्मणी देवी, शांकरी देवी, कपिलेश्वरी भवानी मंदिरों पर पुलिस बल तैनात रही। लेकिन मतदान के कारण यह भी ऊंट के मुंह में जीरा के समान रही।