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आठ पुलिसवालों को गैर जमानती वारंट
ब्यूरो, अमर उजाला, बलिया
Updated Tue, 02 Jun 2015 11:06 PM IST
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तलाशी के नाम पर लाइसेंसी रायफल तथा लाइसेंस उठा ले जाने के एक मामले में सीजेएम आरएम त्रिपाठी की अदालत ने चार दारोगा समेत आठ पुलिस कर्मियों के विरुद्ध सोमवार को गैर जमानती वारंट जारी किया।
करीब 18 साल पुराना मामला बांसडीहरोड क्षेत्र के हरपुर मुहल्ले का है। बांसडीहरोड थाना क्षेत्र के हरपुर निवासी खड़ग बहादुर सिंह ने परिवाद पत्र दाखिल कर आरोप लगाया था कि 14 सितंबर 1998 को रात के साढ़े 12 बजे तत्कालीन थानाध्यक्ष बांसडीहरोड शिवगणेश गौतम अपने सहयोगियों दारोगा देवीशंकर द्विवेदी, महामाया प्रसाद, सहजानंद यादव के साथ ही हमराही कांस्टेबिल शिवजी उपाध्याय, विश्वंभर सिंह, वीरेंद्र सिंह, लाल साहब सिंह के साथ मेरे घर पहुंचे।
दरवाजा खोलने पर पुलिस वाले मेरे भाई की खोजबीन करने के नाम पर जबरन मेरे घर में प्रवेश कर गए और मेरी लाइसेंसी रायफल, 10 अदद कारतूस तथा लाइसेंस के साथ ही 369 रुपये नकद उठा ले गए थे। मैंने बार-बार थाने पर जाने के बाद भी जब्त रायफल आदि देने से इंकार कर दिया।
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ऐसे में आरोपियों के विरुद्ध परिवाद दाखिल किया गया। तलबी आदेश के विरुद्ध देवीशंकर द्विवेदी ने कोर्ट में प्रोटेस्ट दाखिल किया था। जिस पर सुनवाई करते हुए कोर्ट ने प्रोटेस्ट प्रार्थनापत्र निरस्त कर देवीशंकर द्विवेदी सहित सभी आरोपियों के विरुद्ध गैर जमानती वारंट आठ जुलाई 2015 के लिए जारी कर कोर्ट में हाजिर होने का आदेश दिया है।
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करीब 18 साल पुराना मामला बांसडीहरोड क्षेत्र के हरपुर मुहल्ले का है। बांसडीहरोड थाना क्षेत्र के हरपुर निवासी खड़ग बहादुर सिंह ने परिवाद पत्र दाखिल कर आरोप लगाया था कि 14 सितंबर 1998 को रात के साढ़े 12 बजे तत्कालीन थानाध्यक्ष बांसडीहरोड शिवगणेश गौतम अपने सहयोगियों दारोगा देवीशंकर द्विवेदी, महामाया प्रसाद, सहजानंद यादव के साथ ही हमराही कांस्टेबिल शिवजी उपाध्याय, विश्वंभर सिंह, वीरेंद्र सिंह, लाल साहब सिंह के साथ मेरे घर पहुंचे।
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दरवाजा खोलने पर पुलिस वाले मेरे भाई की खोजबीन करने के नाम पर जबरन मेरे घर में प्रवेश कर गए और मेरी लाइसेंसी रायफल, 10 अदद कारतूस तथा लाइसेंस के साथ ही 369 रुपये नकद उठा ले गए थे। मैंने बार-बार थाने पर जाने के बाद भी जब्त रायफल आदि देने से इंकार कर दिया।
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ऐसे में आरोपियों के विरुद्ध परिवाद दाखिल किया गया। तलबी आदेश के विरुद्ध देवीशंकर द्विवेदी ने कोर्ट में प्रोटेस्ट दाखिल किया था। जिस पर सुनवाई करते हुए कोर्ट ने प्रोटेस्ट प्रार्थनापत्र निरस्त कर देवीशंकर द्विवेदी सहित सभी आरोपियों के विरुद्ध गैर जमानती वारंट आठ जुलाई 2015 के लिए जारी कर कोर्ट में हाजिर होने का आदेश दिया है।