{"_id":"5a3bf3b64f1c1b8d698c313d","slug":"111513878454-ballia-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"फालोअप: =","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
फालोअप: =
Updated Thu, 21 Dec 2017 11:17 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
गड़वार/चिलकहर। बहुचर्चित रिया हत्याकांड के खुलासे में पुलिस प्रशासन का तीन दिन का दावा हवाई-हवाई साबित हुआ है। क्योंकि मामले में 13 महीने बाद भी पुलिस अभी मौत गुत्थी सुलझने में लगी है। उधर, हत्यारे पुलिस को चकमा दे रहे हैं।
गड़वार थाना क्षेत्र के कुरेजी गांव में 14 नवंबर 2016 को हुए रिया हत्याकांड का खुलासा करने का दावा पुलिस ने तीन दिन के अंदर किया था। लेकिन 13 महीने बीत जाने के बाद वावजूद अभी भी पुलिस किसी नतीजे पर नहीं पहुंच सकी है। घटना के फ्लेशबैक में जाय तो 13 नवंबर की देर शाम रिया घर से निकली थी, दूसरे दिन उसका शव घर से मात्र 200 मीटर की दूरी पर पुआल से ढका हुआ मिला। इसके बाद गांववासियों ने जाम लगाया था, जिस पर आलाधिकारी पहुंच कर मात्र तीन दिन के अंदर हत्या का खुलासा करने का दावा किया था। घटना के सिलसिले में एक युवक से भी लंबी पूछताछ चली थी, लेकिन बाद में राजनीतिक दबाव के चलते छोड़ दिया गया।
कोट
हत्या का खुलासा करने के लिए पुलिस टीम लगी हुई है। पुख्ता सुबूत न मिलने के कारण मौत की गुत्थी सुलझाने में थोड़ा विलंब हो रहा है। जल्द ही मामले का खुलासा किया जाएगा।
विज्ञापन
विजय प्रताप यादव, सीओ सिटी
विज्ञापन
गड़वार थाना क्षेत्र के कुरेजी गांव में 14 नवंबर 2016 को हुए रिया हत्याकांड का खुलासा करने का दावा पुलिस ने तीन दिन के अंदर किया था। लेकिन 13 महीने बीत जाने के बाद वावजूद अभी भी पुलिस किसी नतीजे पर नहीं पहुंच सकी है। घटना के फ्लेशबैक में जाय तो 13 नवंबर की देर शाम रिया घर से निकली थी, दूसरे दिन उसका शव घर से मात्र 200 मीटर की दूरी पर पुआल से ढका हुआ मिला। इसके बाद गांववासियों ने जाम लगाया था, जिस पर आलाधिकारी पहुंच कर मात्र तीन दिन के अंदर हत्या का खुलासा करने का दावा किया था। घटना के सिलसिले में एक युवक से भी लंबी पूछताछ चली थी, लेकिन बाद में राजनीतिक दबाव के चलते छोड़ दिया गया।
विज्ञापन
कोट
हत्या का खुलासा करने के लिए पुलिस टीम लगी हुई है। पुख्ता सुबूत न मिलने के कारण मौत की गुत्थी सुलझाने में थोड़ा विलंब हो रहा है। जल्द ही मामले का खुलासा किया जाएगा।
विज्ञापन
विजय प्रताप यादव, सीओ सिटी