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Ballia News: तीन दिन से शीतलहर, 1.5 डिग्री गिरा पारा, कोहरा भी सुबह-शाम छाया रहा
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बलिया। जिले में तीन दिन से शीतलहर जैसे हालात हैं। रविवार की सुबह कोहरे के कारण सड़कों पर वाहन रेंगते नजर आए। पूरे दिन धूप नहीं निकली। हालांकि अधिकतम तापमान 15 व न्यूनतम 8.05 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। सुबह 10 बजे तक दृश्यता 10 मीटर तक रही ।
अलसुबह कोहरे के कारण वाहनों की रफ्तार धीमी हो गई और चालकों को लाइट जलाकर निकले। दोपहर बाद कोहरे हटा लेकिन ठंडी हवा के कारण लोग कांपते नजर आए।
ठंड के चलते दिन और रात का तापमान सामान्य से नीचे आ जा रहा है। ठंड का प्रकोप बाजार क्षेत्र में भी दिखा। बाजार में दिन के समय भी लोगों की भीड़-भाड़ कम देखी गई। लोग जरूरी कार्य से ही बाहर निकल रहे हैं। शाम होते ही घरों में दुबक गए। ठंड में सबसे अधिक परेशानी बच्चों और बुजुर्गों को हो रही है। शुगर व बीपी के मरीज सुबह टहलने से परहेज करने लगे हैं।
आग जलाकर लोग ठंड से बचाव करते नजर आए। तमाम जगहों पर अलाव न होने से सड़क पर रहने वाले लोगों और मजदूर वर्ग को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। ठंड का इतना असर रहा कि अंधेरा होते ही बाजार बंद हो गए। अस्पताल में निमोनिया और कोल्ड डायरिया के मरीजों की संख्या बढ़ी हुई है। निमोनिया में शिशुओं को बुखार,खांसी सीने में जकड़न, सांस लेने में तकलीफ होना,सांस तेज गति से चलना, हांफना आदि प्रमुख लक्षण है। जबकि कोल्ड डायरिया में शिशुओं को बुखार,दस्त उल्टी, पेट में दर्द एवं निर्जलीकरण होना प्रमुख लक्षण है।
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अलसुबह कोहरे के कारण वाहनों की रफ्तार धीमी हो गई और चालकों को लाइट जलाकर निकले। दोपहर बाद कोहरे हटा लेकिन ठंडी हवा के कारण लोग कांपते नजर आए।
ठंड के चलते दिन और रात का तापमान सामान्य से नीचे आ जा रहा है। ठंड का प्रकोप बाजार क्षेत्र में भी दिखा। बाजार में दिन के समय भी लोगों की भीड़-भाड़ कम देखी गई। लोग जरूरी कार्य से ही बाहर निकल रहे हैं। शाम होते ही घरों में दुबक गए। ठंड में सबसे अधिक परेशानी बच्चों और बुजुर्गों को हो रही है। शुगर व बीपी के मरीज सुबह टहलने से परहेज करने लगे हैं।
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आग जलाकर लोग ठंड से बचाव करते नजर आए। तमाम जगहों पर अलाव न होने से सड़क पर रहने वाले लोगों और मजदूर वर्ग को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। ठंड का इतना असर रहा कि अंधेरा होते ही बाजार बंद हो गए। अस्पताल में निमोनिया और कोल्ड डायरिया के मरीजों की संख्या बढ़ी हुई है। निमोनिया में शिशुओं को बुखार,खांसी सीने में जकड़न, सांस लेने में तकलीफ होना,सांस तेज गति से चलना, हांफना आदि प्रमुख लक्षण है। जबकि कोल्ड डायरिया में शिशुओं को बुखार,दस्त उल्टी, पेट में दर्द एवं निर्जलीकरण होना प्रमुख लक्षण है।
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