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जांच तक सीएमओ पदमुक्त, वितीय पावर भी सीज
Updated Sat, 16 Jun 2018 12:15 AM IST
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बलिया। कलेक्ट्रेट सभागार में गुरुवार को आयोजित जिला समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) की बैठक में स्वास्थ्य विभाग की विभिन्न योजनाओं में अनियमितता का मामला उठा, जिस पर सदस्यों ने एक स्वर में इसकी जांच कराने तथा इस दौरान सीएमओ को पदमुक्त कर वित्तीय पावर सीज करने की मांग करते हुए जिलाधिकारी को निर्देशित किया। समिति के अध्यक्ष और सलेमपुर सांसद रविंद्र कुशवाहा ने जिलाधिकारी से जांच कमेटी गठित कर एक पखवाड़े के अंदर जांच करने और जांच होने तक सीएमओ को पदमुक्त करते हुए वित्तीय पावर सीज करने का निर्देश दिया।
जिला समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) के अध्यक्ष व सलेमपुर सांसद रविंद्र कुशवाहा ने बताया कि दिशा की बैठक में समस्त जनप्रतिनिधियों ने स्वास्थ्य विभाग में दवा खरीद सहित विभिन्न मदों में भुगतान आदि में भ्रष्टाचार व अनियमितता की शिकायत की, जिसकी जांच कराने की मांग की गई। सदस्यों ने कहा कि जांच होने तक सीएमओ को पदमुक्त रखा जाए तथा उनका वित्तीय पावर भी सीज कर दिया जाए। बैठक में आशा बहुओं की ट्रेनिंग दिलाए बिना ही 50 लाख रुपये भुगतान का मामला सामने आया। इसके अलावा, राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन योजना के तहत आरबीएसके की 34 तथा बीपीएमयू मोवोलिटी की 17 वाहनों को सीएमओ द्वारा जनता शिक्षण संस्थान, थुम्मा उत्तम गड़वार तथा कृष्णा ट्रेवल्स को देकर सरकारी धन का गबन करना, केंद्रीय औषधि भंडार में दवा खरीद में फार्मासिस्टों द्वारा करोड़ों रुपये का गबन करना, कर्मचारियों के वेतन का भुगतान, एरियर भुगतान, एनआरएचएम की विभिन्न योजना जैसी टीकाकरण, जननी सुरक्षा, नसबंदी समेत अन्य कार्यक्रमों में भ्रष्टाचार और अनियमितता पाए जाने का मामला दिशा के सदस्य/जनप्रतिनिधियों ने एक-एक कर उठाया। इस दौरान दिशा के सदस्य/जनप्रतिनिधियों ने सीएमओ के वित्तीय अधिकार को सीज कर पदमुक्त करने के लिए मांग की।
स्वास्थ्य विभाग में वेतन भुगतान से लेकर विभिन्न योजनाओं में अनियमितता का मामला बैठक में सभी सदस्यों द्वारा उठाया गया। सदस्यों की ओर से कमेटी गठित कर जांच कराने की मांग की गई है। इस दौरान जांच प्रभावित न हो, इसके लिए सीएमओ को पदमुक्त करते हुए उनके वित्तीय अधिकार को सीज करने का निर्देश जिलाधिकारी को दिया गया है। - रविंद्र कुशवाहा, सांसद सलेमपुर और अध्यक्ष जिला समन्वय एवं निगरानी समिति
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जिला समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) के अध्यक्ष व सलेमपुर सांसद रविंद्र कुशवाहा ने बताया कि दिशा की बैठक में समस्त जनप्रतिनिधियों ने स्वास्थ्य विभाग में दवा खरीद सहित विभिन्न मदों में भुगतान आदि में भ्रष्टाचार व अनियमितता की शिकायत की, जिसकी जांच कराने की मांग की गई। सदस्यों ने कहा कि जांच होने तक सीएमओ को पदमुक्त रखा जाए तथा उनका वित्तीय पावर भी सीज कर दिया जाए। बैठक में आशा बहुओं की ट्रेनिंग दिलाए बिना ही 50 लाख रुपये भुगतान का मामला सामने आया। इसके अलावा, राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन योजना के तहत आरबीएसके की 34 तथा बीपीएमयू मोवोलिटी की 17 वाहनों को सीएमओ द्वारा जनता शिक्षण संस्थान, थुम्मा उत्तम गड़वार तथा कृष्णा ट्रेवल्स को देकर सरकारी धन का गबन करना, केंद्रीय औषधि भंडार में दवा खरीद में फार्मासिस्टों द्वारा करोड़ों रुपये का गबन करना, कर्मचारियों के वेतन का भुगतान, एरियर भुगतान, एनआरएचएम की विभिन्न योजना जैसी टीकाकरण, जननी सुरक्षा, नसबंदी समेत अन्य कार्यक्रमों में भ्रष्टाचार और अनियमितता पाए जाने का मामला दिशा के सदस्य/जनप्रतिनिधियों ने एक-एक कर उठाया। इस दौरान दिशा के सदस्य/जनप्रतिनिधियों ने सीएमओ के वित्तीय अधिकार को सीज कर पदमुक्त करने के लिए मांग की।
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स्वास्थ्य विभाग में वेतन भुगतान से लेकर विभिन्न योजनाओं में अनियमितता का मामला बैठक में सभी सदस्यों द्वारा उठाया गया। सदस्यों की ओर से कमेटी गठित कर जांच कराने की मांग की गई है। इस दौरान जांच प्रभावित न हो, इसके लिए सीएमओ को पदमुक्त करते हुए उनके वित्तीय अधिकार को सीज करने का निर्देश जिलाधिकारी को दिया गया है। - रविंद्र कुशवाहा, सांसद सलेमपुर और अध्यक्ष जिला समन्वय एवं निगरानी समिति
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