{"_id":"5c0410ddbdec2241c2633eeb","slug":"151543770333-ballia-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"दूसरी किस्त नहीं मिलने से 22 लाभार्थियों का आवास अधर में लटका","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दूसरी किस्त नहीं मिलने से 22 लाभार्थियों का आवास अधर में लटका
Updated Sun, 02 Dec 2018 10:48 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बैरिया। दैवीय आपदा के तहत मुरलीछपरा व बैरिया विकास खंड में 22 लोगों का बनने वाला मुख्यमंत्री आवास निर्माण अधर में लटका हुआ है। लाभार्थी द्वितीय किस्त के लिए ब्लाक मुख्यालयों का चक्कर काट रहे हैं। वहीं, जिनका नाम 2011 में हुई आर्थिक जनगणना में छूटा था ऐसे लोगों के नाम शामिल करने के लिए शासन ने जून माह में आठ बिंदुओं पर लाभार्थीपरक योजनाओं की ग्राम पंचायत की खुली बैठक में सर्वे कर रिपोर्ट मांगी गयी थी। लेकिन रिपोर्ट भेजे जाने के बाद अभी तक लाभार्थियों को किसी भी योजना में शामिल नहीं किया गया।
अंत्योदय मिशन अंतर्गत दैवीय आपदा के तहत बैरिया में सात व मुरलीछपरा विकासखंड में 15 कुल 22 मुख्यमंत्री आवास निर्माण के लिए लाभार्थियों के खाते में प्रथम क़िस्त 40-40 हजार रुपये भेज दिए गए हैं। जिससे मुख्यमंत्री आवास नींव स्तर तक बनकर तैयार हो गया है। लेकिन लाभार्थियों को दूसरी किस्त नहीं मिलने से निर्माण कार्य अधर में लटका हुआ है। बतौर उदाहरण दुर्जनपुर निवासी शंभू यादव ने कहा कि समय से दूसरी क़िस्त मिल जाता तो इस ठंड में उनके परिवार को छत नसीब हो गई होती। उधर, पांच माह पहले लाभार्थीपरक योजनाओं में लाभार्थियों का नाम शामिल करने की रिपोर्ट ग्राम पंचायतों की ओर से भेजी गई थी।
इसमें बैरिया विकास खंड से 1177 पात्र लोगों को मुख्यमंत्री आवास, 202 लोगों को आयुष्मान भारत, 229 पात्र गृहस्थी कार्ड, सात अंत्योदय कार्ड, 171 विधवा पेंशन, 223 वृद्धा, 28 लाभार्थियों को दिव्यांग पेंशन योजना में शामिल करने की रिपोर्ट थी। इसके अलावा मुरलीछपरा विकास खंड में 820 लोगो को मुख्यमंत्री आवास, 202 आयुष्मान भारत, 201 विधवा पेंशन, 223 वृद्धा पेंशन, 33 दिव्यांग, 129 पात्रगृहस्थी कार्ड, सात अंत्योदय कार्ड के लिए सर्वे रिपोर्ट भेजा गया। लेकिन यह दिखावा ही बन कर रह गया। इस बाबत खंड विकास अधिकारी रणजीत कुमार ने कहा कि मुख्यमंत्री आवास के लिए द्वितीय किस्त का डिमांड किया गया है। बताया कि आठ बिंदुओं पर लाभार्थीपरक योजनाओं की सूची भी शासन को भेज दी गयी है। इस मामले में शासन स्तर से ही कार्रवाई होनी है।
विज्ञापन
विज्ञापन
अंत्योदय मिशन अंतर्गत दैवीय आपदा के तहत बैरिया में सात व मुरलीछपरा विकासखंड में 15 कुल 22 मुख्यमंत्री आवास निर्माण के लिए लाभार्थियों के खाते में प्रथम क़िस्त 40-40 हजार रुपये भेज दिए गए हैं। जिससे मुख्यमंत्री आवास नींव स्तर तक बनकर तैयार हो गया है। लेकिन लाभार्थियों को दूसरी किस्त नहीं मिलने से निर्माण कार्य अधर में लटका हुआ है। बतौर उदाहरण दुर्जनपुर निवासी शंभू यादव ने कहा कि समय से दूसरी क़िस्त मिल जाता तो इस ठंड में उनके परिवार को छत नसीब हो गई होती। उधर, पांच माह पहले लाभार्थीपरक योजनाओं में लाभार्थियों का नाम शामिल करने की रिपोर्ट ग्राम पंचायतों की ओर से भेजी गई थी।
विज्ञापन
इसमें बैरिया विकास खंड से 1177 पात्र लोगों को मुख्यमंत्री आवास, 202 लोगों को आयुष्मान भारत, 229 पात्र गृहस्थी कार्ड, सात अंत्योदय कार्ड, 171 विधवा पेंशन, 223 वृद्धा, 28 लाभार्थियों को दिव्यांग पेंशन योजना में शामिल करने की रिपोर्ट थी। इसके अलावा मुरलीछपरा विकास खंड में 820 लोगो को मुख्यमंत्री आवास, 202 आयुष्मान भारत, 201 विधवा पेंशन, 223 वृद्धा पेंशन, 33 दिव्यांग, 129 पात्रगृहस्थी कार्ड, सात अंत्योदय कार्ड के लिए सर्वे रिपोर्ट भेजा गया। लेकिन यह दिखावा ही बन कर रह गया। इस बाबत खंड विकास अधिकारी रणजीत कुमार ने कहा कि मुख्यमंत्री आवास के लिए द्वितीय किस्त का डिमांड किया गया है। बताया कि आठ बिंदुओं पर लाभार्थीपरक योजनाओं की सूची भी शासन को भेज दी गयी है। इस मामले में शासन स्तर से ही कार्रवाई होनी है।
विज्ञापन