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बिना मान्यता प्राप्त स्कूल में एडमिशन कराना पड़ सकता है महंगा
Updated Sat, 22 Jul 2017 11:26 PM IST
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गड़वार। अगर आप अपने बच्चों का दाखिला कहीं बिना मान्यता प्राप्त विद्यालयों में कराते हैं तो आपके बच्चों का भविष्य अधर में लटक सकता है। शिक्षा का अधिकार कानून (आरटीआई) के अंतर्गत अब एक भी विद्यालय बिना मान्यता के संचालित नहीं हो पाएंगे। ऐसे विद्यालयों पर एक लाख रुपए या प्रतिदिन 10 हजार के हिसाब से जुर्माना वसूल किया जाएगा। ऐसे में गड़वार ब्लाक मे बिना मान्यता प्राप्त लगभग 171 विद्यालयों पर ताला लटकना तय है।
विकासखंड गड़वार के अंतर्गत कुल परिषदीय प्राथमिक विद्यालयों की संख्या 141, जूनियर हाईस्कूल 51 तथा शासकीय मान्यता प्राप्त जूनियर हाई स्कूल लगभग तीन है। जबकि वित्तविहीन मान्यता प्राप्त प्राथमिक विद्यालय 31 एवं जूनियर हाईस्कूल 17 है। शेष117 ऐसे विद्यालय हैं जो बिना मानता प्राप्त किये वषों से अवैध ढंग से संचालित हो रहे हैं।
विकासखंड फर्जी स्कूलों का हब बना हुआ है। क्षेत्र के जैतपुरा निवासी रामजी सिंह अड़ियल ने बताया कि जैसे ही शिक्षण सत्र की शुरुआत होती है गैर मान्यता प्राप्त विद्यालयों के प्रबंधक आकर्षक पोस्टर छपवाकर बच्चों को गारंटी के साथ प्रथम श्रेणी में पास कराने, कंप्यूटर सिखाने, छात्रवृत्ति दिलाने आदि दर्जनों प्रलोभन दिखाकर नामांकन करा लेते है।ं इसके बाद आर्थिक शोषण करना शुरु कर देते है।
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लेकिन दो दिन पूर्व जिला विद्यालय निरीक्षक ने बिना मान्यता प्राप्त चल रहे स्कूलों की सूची तैयार कर नोटिस देने के लिए खंड शिक्षाधिकारियों को निर्देश दिया है। जिसमें एक लाख रुपये जुर्माना का आदेश है।
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विकासखंड गड़वार के अंतर्गत कुल परिषदीय प्राथमिक विद्यालयों की संख्या 141, जूनियर हाईस्कूल 51 तथा शासकीय मान्यता प्राप्त जूनियर हाई स्कूल लगभग तीन है। जबकि वित्तविहीन मान्यता प्राप्त प्राथमिक विद्यालय 31 एवं जूनियर हाईस्कूल 17 है। शेष117 ऐसे विद्यालय हैं जो बिना मानता प्राप्त किये वषों से अवैध ढंग से संचालित हो रहे हैं।
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विकासखंड फर्जी स्कूलों का हब बना हुआ है। क्षेत्र के जैतपुरा निवासी रामजी सिंह अड़ियल ने बताया कि जैसे ही शिक्षण सत्र की शुरुआत होती है गैर मान्यता प्राप्त विद्यालयों के प्रबंधक आकर्षक पोस्टर छपवाकर बच्चों को गारंटी के साथ प्रथम श्रेणी में पास कराने, कंप्यूटर सिखाने, छात्रवृत्ति दिलाने आदि दर्जनों प्रलोभन दिखाकर नामांकन करा लेते है।ं इसके बाद आर्थिक शोषण करना शुरु कर देते है।
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लेकिन दो दिन पूर्व जिला विद्यालय निरीक्षक ने बिना मान्यता प्राप्त चल रहे स्कूलों की सूची तैयार कर नोटिस देने के लिए खंड शिक्षाधिकारियों को निर्देश दिया है। जिसमें एक लाख रुपये जुर्माना का आदेश है।