बहराइच। जिले के सभी स्वास्थ्य केंद्रों पर शनिवार को खुशहाल परिवार दिवस मनाया गया, जिसमें 44 महिलाओं और दो पुरुषों को खुशहाल परिवार दिवस के लिए स्वास्थ्य कर्मियों ने राजी किया। इसके साथ ही नसबंदी से होने वाले फायदे के बारे में दंपती को बताया गया।
स्व शासी राज्य मेडिकल कॉलेज महिला अस्पताल परिसर में आयोजित खुशहाल परिवार दिवस का शुभारंभ सीएमएस डॉ. डीके सिंह, डॉ. हीरालाल ने फीता काटकर किया। इस अवसर पर परिवार नियोजन की नोडल अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. योगिता जैन ने कहा कि दो बच्चों के जन्म के बीच कम से कम तीन साल का अंतर रखना चाहिए। सीएमओ डॉ. राजेश मोहन श्रीवास्तव ने नव दंपती को शादी के दो साल बाद ही बच्चे के बारे में सोचने के प्रति जागरूक करने की बात कही। साथ ही कहा कि पुरुषों को परिवार नियोजन के साधन अपनाने के लिए स्वयं पहल करनी चाहिए। सीएचसी चित्तौरा अधीक्षक डॉ. रीतेश ने योग्य दंपतियों को जागरूक करते हुए कहा कि अगर बच्चों की संख्या और उनके पैदा होने के समय पर नियंत्रण है तो महिला अधिक स्वस्थ रहेगी। इस अवसर पर महिलाओं की एनीमिया की जांच, नव विवाहित महिलाओं को पहल किट के साथ ही योग्य दंपती को परिवार नियोजन के साधन उपलब्ध कराये गए। उन्होंने बताया कि जिले में 44 महिलाओं और दो पुरुषों ने नसबंदी के साथ खुशहाल परिवार दिवस मनाया गया।