फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bahraich News ›   Graph of the killings fell in Bahraich

तराई में हत्याओं के ग्राफ में गिरावट

Thu, 27 Aug 2015 10:26 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो/बहराइच
अमर उजाला ब्यूरो/बहराइच Updated Thu, 27 Aug 2015 10:26 PM IST
विज्ञापन

तराई बदमाशों के लिए अपराध का गढ़ रहा है। यह जिला आतंकियों से लेकर माफिया

विज्ञापन
तक के लिए शरणगाह रहा है। इसके बावजूद एनसीआरबी की ओर से जारी आंकड़ों ने लोगों को राहत देने का काम किया है। जिले में तीन दशक पूर्व हत्याओं का ग्राफ तेजी से उठा था। हालांकि इसके बाद उतार-चढ़ाव के साथ इसमें कमी दर्ज हुई।

जिसने समाज के अंदर सामुदायिकता की भावना और बदलती सोच को मजबूत करने की तस्वीर पेश की है। बहराइच जनपद का अपराध जगत से काफी पुराना नाता रहा है। यहां पर अपराधों की फेहरिस्त हमेशा लंबी रही है। तीन दशक पूर्व यहां पर हत्याओं का ग्राफ काफी ऊंचा रहा है।

यहां पर वर्ष 1975 के दौरान 70 से अधिक हत्याओं की वारदात हुई। जबकि वर्ष 1980 में यह संख्या 80 के आंकड़े को पार कर गई। हालांकि समाज में बढ़ती शिक्षा और लोगों के बीच आपसी सौहार्द्र की भावना के बाद जिले में काफी राहत महसूस हुई। इक्कीसवीं सदी में संचार तकनीक के बढ़ते प्रयोग के बाद हालात काफी सामान्य हुए हैं।

यहां पर वर्ष 2007 से वर्ष 2010 के बीच हत्याओं के ग्राफ में उतार-चढ़ाव दर्ज किया गया है। इसके अलावा हत्याओं में गिरावट भी दर्ज हुई है। वर्ष 2011 से वर्ष 2013 तक हत्याओं का ग्राफ कम हुआ है। माना जा रहा है कि इसके पीछे शिक्षा की बढ़ती दर भी काफी सहायक साबित हुई है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed