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डायरिया और बर्थ एक्सपीसिया से चार बच्चों की मौत
बहराइच
Updated Fri, 21 Jul 2017 09:56 PM IST
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अस्तपाल
- फोटो : amar ujala
तराई में मौसम परिवर्तन से संक्रामक रोगों का प्रकोप बढ़ रहा है। जिला अस्पताल में भर्ती चार बच्चों की संक्रामक रोग से शुक्रवार को मौत हो गई। वहीं तीन रोगियों की हालत गंभीर होने पर उन्हें केजीएमयू लखनऊ रेफर किया गया है।
तराई में मौसम परिवर्तन परेशानी का सबब बना हुआ है। कभी वर्षा तो कभी तेज धूप से जनजीवन अस्तव्यस्त है। शहर के मोहल्ला नाजिरपुरा निवासी अफसर की चार वर्षीय पुत्री अर्षा को चार दिन से बुखार के साथ श्वास लेने में तकलीफ थी। हालत बिगड़ने पर परिवारीजनों ने जिला अस्पताल पहुंचाया तो यहां डॉक्टरों ने बर्थ एक्सपीसिया की पुष्टि की।
अर्षा को चिल्ड्रेन वार्ड के आईसीयू में भर्ती किया गया लेकिन यहां इलाज के दौरान उसने दम तोड़ दिया। वहीं घसियारीपुरा निवासी अल्ताफ (8) पुत्र शुब्हान अली को बुखार और डायरिया की शिकायत पर जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उसने भी दम तोड़ दिया।
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वहीं महसी के बंधा निवासी राजित के एक वर्षीय पुत्र प्रदीप व विशेश्वरगंज निवासी सुग्रीव के दो वर्षीय पुत्र छोटू को बुखार और डायरिया की शिकायत पर स्थानीय स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया। यहां पर डॉक्टरों ने हालत गंभीर देखकर जिला अस्पताल रेफर किया। लेकिन अस्पताल ले जाते समय दोनों ने दम तोड़ दिया।
वहीं विभिन्न संक्रामक रोगों से पीड़ित आठ और रोगी भर्ती हुए हैं। इनमें मल्हीपुर निवासी रोहित (एक), नाजिरपुरा निवासी इकरुनिशा (एक) और विशेश्वरगंज के गुजरा निवासी प्रवीन (8) पुत्र असलम की हालत गंभीर होने पर उन्हें जिला अस्पताल से केजीएमयू लखनऊ रेफर किया गया है।
जिला अस्पताल में बर्थ एक्सपीसिया और बुखार तथा उल्टी दस्त से पीड़ित जिन रोगियों की मौत हुई है। उन्हें परिवारीजन काफी नाजुक हालत में अस्पताल लाए थे। भर्ती कर जिंदगी बचाने की कोशिश की गई लेकिन रोगियों ने दम तोड़ दिया। - डॉ. ओपी पांडेय, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक
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तराई में मौसम परिवर्तन परेशानी का सबब बना हुआ है। कभी वर्षा तो कभी तेज धूप से जनजीवन अस्तव्यस्त है। शहर के मोहल्ला नाजिरपुरा निवासी अफसर की चार वर्षीय पुत्री अर्षा को चार दिन से बुखार के साथ श्वास लेने में तकलीफ थी। हालत बिगड़ने पर परिवारीजनों ने जिला अस्पताल पहुंचाया तो यहां डॉक्टरों ने बर्थ एक्सपीसिया की पुष्टि की।
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अर्षा को चिल्ड्रेन वार्ड के आईसीयू में भर्ती किया गया लेकिन यहां इलाज के दौरान उसने दम तोड़ दिया। वहीं घसियारीपुरा निवासी अल्ताफ (8) पुत्र शुब्हान अली को बुखार और डायरिया की शिकायत पर जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उसने भी दम तोड़ दिया।
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वहीं महसी के बंधा निवासी राजित के एक वर्षीय पुत्र प्रदीप व विशेश्वरगंज निवासी सुग्रीव के दो वर्षीय पुत्र छोटू को बुखार और डायरिया की शिकायत पर स्थानीय स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया। यहां पर डॉक्टरों ने हालत गंभीर देखकर जिला अस्पताल रेफर किया। लेकिन अस्पताल ले जाते समय दोनों ने दम तोड़ दिया।
वहीं विभिन्न संक्रामक रोगों से पीड़ित आठ और रोगी भर्ती हुए हैं। इनमें मल्हीपुर निवासी रोहित (एक), नाजिरपुरा निवासी इकरुनिशा (एक) और विशेश्वरगंज के गुजरा निवासी प्रवीन (8) पुत्र असलम की हालत गंभीर होने पर उन्हें जिला अस्पताल से केजीएमयू लखनऊ रेफर किया गया है।
जिला अस्पताल में बर्थ एक्सपीसिया और बुखार तथा उल्टी दस्त से पीड़ित जिन रोगियों की मौत हुई है। उन्हें परिवारीजन काफी नाजुक हालत में अस्पताल लाए थे। भर्ती कर जिंदगी बचाने की कोशिश की गई लेकिन रोगियों ने दम तोड़ दिया। - डॉ. ओपी पांडेय, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक