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खिंदौड़ा गांव के हुए खूनी संघर्ष में दूसरी मौत
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बागपत। खिंदौड़ा गांव में पांच मई को दो पक्षों के बीच हुए खूनी संघर्ष में शनिवार को दूसरी मौत हो गई है। इसके बाद से तनाव बना हुआ है। परिजनों ने पुलिस से आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी की मांग की है। एहतियात के तौर पर गांव में पुलिस तैनात है।
खिंदौड़ा गांव में पांच मई को रास्ते में ट्राली खड़ी करने को लेकर भोपाल और मनवीर पक्ष के बीच खूनी संघर्ष हो गया था। संघर्ष में भोपाल पक्ष की एक महिला सहित छह लोग गंभीर रूप से घायल हो गए थे जबकि भोपाल की मौत हो गई थी। भोपाल के बडे़ भाई कालूराम की हालत गंभीर होने पर पर छह मई हो उसे मेरठ के लिए रेफर किया गया था। भोपाल के लड़के ऋषिपाल ने 15 लोगों को नामजद करते हुए सिंघावली अहीर थाने पर मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस ने संघर्ष के अगले दिन छह मई को छह लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। अभी भी नौ हमलावर पुलिस की पहुंच से दूर है। पुलिस के मुताबिक शनिवार को इलाज के दौरान कालूराम की मौत हो गई है। एसओ सिंघावली अहीर शिवप्रकाश का कहना है कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लगातार दबिश दी जा रही है। आरोपियों को शीघ्र गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
शीघ्र गिरफ्तारी न होने पर पलायन करेंगे परिजन
बागपत। ऋषिपाल का कहना है कि उन्हें आरोपियों ने जान से मारने की धमकी दी है। अगर शीघ्र ही आरोपियों की गिरफ्तारी नही हुई तो उन्हें गांव से पलायन करने के लिए मजबूर होना पड़ेगा।
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खिंदौड़ा गांव में पांच मई को रास्ते में ट्राली खड़ी करने को लेकर भोपाल और मनवीर पक्ष के बीच खूनी संघर्ष हो गया था। संघर्ष में भोपाल पक्ष की एक महिला सहित छह लोग गंभीर रूप से घायल हो गए थे जबकि भोपाल की मौत हो गई थी। भोपाल के बडे़ भाई कालूराम की हालत गंभीर होने पर पर छह मई हो उसे मेरठ के लिए रेफर किया गया था। भोपाल के लड़के ऋषिपाल ने 15 लोगों को नामजद करते हुए सिंघावली अहीर थाने पर मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस ने संघर्ष के अगले दिन छह मई को छह लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। अभी भी नौ हमलावर पुलिस की पहुंच से दूर है। पुलिस के मुताबिक शनिवार को इलाज के दौरान कालूराम की मौत हो गई है। एसओ सिंघावली अहीर शिवप्रकाश का कहना है कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लगातार दबिश दी जा रही है। आरोपियों को शीघ्र गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
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शीघ्र गिरफ्तारी न होने पर पलायन करेंगे परिजन
बागपत। ऋषिपाल का कहना है कि उन्हें आरोपियों ने जान से मारने की धमकी दी है। अगर शीघ्र ही आरोपियों की गिरफ्तारी नही हुई तो उन्हें गांव से पलायन करने के लिए मजबूर होना पड़ेगा।
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