फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Punjab ›   Chandigarh-Punjab News ›   punjab assembly election 2027 Voters in Punjab have given a chance to a new government every five years

1967 से हर पांच साल में बदलती रही सत्ता: 2007 में टूट गई थी रवायत; अब आप के सामने इतिहास दोहराने की चुनौती

Sat, 05 Sep 2026 09:02 AM IST
Sharukh Khan मोहित धुपड़, अमर उजाला, चंडीगढ़
मोहित धुपड़, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: Sharukh Khan Updated Sat, 05 Sep 2026 09:02 AM IST
सार

पंजाब में मतदाताओं ने हर पांच साल बाद नई सरकार को मौका दिया है। 1967 से सिर्फ 2007 में एक बार लगातार 10 साल सरकार बनी थी। अब सत्तारूढ़ आम आदमी पार्टी के सामने इतिहास दोहराने की चुनौती है।

विज्ञापन
punjab assembly election 2027 Voters in Punjab have given a chance to a new government every five years
punjab assembly election - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स

विस्तार

हरियाणा से अलग होने के बाद पुनर्गठित पंजाब में विधानसभा चुनावों के दौरान अधिकतर बार मतदाताओं ने हर पांच साल बाद नई सरकार को अपनी सेवा का मौका दिया। वर्ष 1967 से यह रवायत चलती रही लेकिन 40 साल बाद यह चुनावी ट्रेंड बदला। 
विज्ञापन


पहली बार कोई दल 2007 से 2017 तक लगातार 10 साल पंजाब की सत्ता पर काबिज रहा। राजनीतिक माहिर जगतार सिंह के अनुसार, इस दौरान दलों के खिलाफ पांच साल के भीतर ही सत्ता विरोधी लहर बनने लगती थी। कई मुद्दे भी सत्ता परिवर्तन का आधार बन जाते थे। 
विज्ञापन

अब 10 साल बाद यही इतिहास दोहराने का मौका सत्तारूढ़ आम आदमी पार्टी के पास है। इसके लिए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान और उनकी पूरी टीम पुरजोर कोशिशों में जुटी हुई है। मुद्दों की जमीन तैयार की जा रही है और पार्टी के पक्ष में दोबारा जीत का माहौल बनाने के लिए खुद मान लोक मिलनी अभियान के जरिये मतदाताओं के बीच पहुंच रहे हैं। 

लोक मिलनी दरअसल आम आदमी पार्टी का पहले चरण का चुनावी प्रचार अभियान है। इसके तहत मुख्यमंत्री विभिन्न गांवों में पहुंचते हैं और गांव के बीच ही बड़ी संख्या में लोगों के साथ चौपाल सजाते हैं। वहां स्थानीय नेताओं के साथ मंजे (चारपाई) पर बैठकर मुख्यमंत्री मतदाताओं से विभिन्न मुद्दों पर सीधे संवाद करते हैं।

 
विज्ञापन

पार्टी दोबारा सरकार बनाने जा रही है: चीमा
वित्त मंत्री हरपाल चीमा कहते हैं कि निश्चित तौर पर पंजाब की जनता का आशीर्वाद इस बार भी आप को मिल रहा है और पार्टी दोबारा सरकार बनाने जा रही है। उन्हें पूरा भरोसा है कि मतदाता मान सरकार की जनकल्याणकारी नीतियों पर दोबारा मुहर जरूर लगाएंगे।


 

उधर, इस बार शिरोमणि अकाली दल, भाजपा और कांग्रेस समेत अन्य अकाली जत्थेबंदियां जिस तरह अपनी-अपनी चुनावी तैयारियों को आक्रामक बनाने में जुटी हैं, ऐसे में आप सरकार के सामने इस इतिहास को दोहराने की चुनौती भी रहेगी।

यूं बदलती रहीं सरकारें
  • 1967 : पुनर्गठित पंजाब का पहला विधानसभा चुनाव हुआ। अकाली दल-संत फतेह सिंह गुट के गुरनाम सिंह के नेतृत्व में अकाली दल समर्थित सरकार बनी। इस दौरान पंजाब जनता पार्टी के लछमन सिंह गिल भी मुख्यमंत्री बने। यह गठबंधन सरकार ज्यादा समय नहीं चल सकी। - 1969 : मार्च में विधानसभा चुनाव हुए। अकाली दल-संत फतेह सिंह गुट के गुरनाम सिंह फिर मुख्यमंत्री बने। बाद में अकाली दल में मतभेद हुए और मुख्यमंत्री पद पहली बार प्रकाश सिंह बादल ने संभाला।

  • 1972 : विधानसभा चुनाव में कांग्रेस ने जबरदस्त वापसी की और ज्ञानी जैल सिंह मुख्यमंत्री बने।
  • 1977 : आपातकाल के बाद हुए विधानसभा चुनाव में कांग्रेस को बड़ा झटका लगा। शिअद ने सरकार बनाई और प्रकाश सिंह बादल दूसरी बार मुख्यमंत्री बने।

  • 1980 : फिर विधानसभा चुनाव हुए। इस बार कांग्रेस ने वापसी की और दरबारा सिंह को मुख्यमंत्री बनाया गया।
  • 1985 : विधानसभा चुनाव में शिअद ने स्पष्ट बहुमत हासिल किया। सुरजीत सिंह बरनाला मुख्यमंत्री बने।
  • 1992 : विधानसभा चुनाव में कांग्रेस जीती और बेअंत सिंह मुख्यमंत्री बने।

  • 1997 : विधानसभा चुनाव शिअद-भाजपा गठबंधन ने जीता। प्रकाश सिंह बादल मुख्यमंत्री बने।
  • 2002 : चुनाव में कांग्रेस की वापसी हुई और कैप्टन अमरिंदर सिंह मुख्यमंत्री बने।
  • 2007 से 2017: लगातार शिअद-भाजपा गठबंधन की सरकार बनी। प्रकाश सिंह बादल मुख्यमंत्री रहे।
  • 2017 : विधानसभा चुनाव में फिर कांग्रेस को मौका मिला। कैप्टन अमरिंदर सिंह दूसरी बार पंजाब के मुख्यमंत्री बने।
  • 2022 : कांग्रेस और शिअद के विकल्प के तौर पर आम आदमी पार्टी उभरी। भगवंत सिंह मान मुख्यमंत्री बने।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed