{"_id":"61acf732d97a9d68a2432eea","slug":"report-filed-against-the-president-and-chief-financial-officer-of-malakpur-mill-baraut-news-mrt567725718","type":"story","status":"publish","title_hn":"मलकपुर मिल के अध्याशी और मुख्य वित्त अधिकारी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मलकपुर मिल के अध्याशी और मुख्य वित्त अधिकारी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज
विज्ञापन
किसानों के भुगतान के लिए तय किए गए रुपये अन्य मदों में खर्च करने का आरोप
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निदेशों पर हुई कार्रवाई
संवाद न्यूज एजेंसी
बड़ौत (बागपत)। शासन की ओर से किसानों के भुगतान के लिए तय किए गए रुपये अन्य मदों में खर्च किए जाने के बाद मलकपुर मिल प्रबंधन पर सख्ती की गई है। चीनी मिल के अध्याशी और मुख्य वित्त अधिकारी के खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम और धोखाधड़ी की धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया गया है।
जिला गन्ना अधिकारी डॉ अनिल कुमार भारती ने बताया कि मलकपुर चीनी मिल को वर्ष 2020-21 के पेराई सत्र से अभी तक 85 प्रतिशत यानि 46418.45 लाख रुपये का भुगतान कर देना चाहिए था। मगर, मिल ने अभी तक 41347.30 लाख ही भुगतान किया है। वर्ष 2020-21 के चीनी स्टॉक से पूर्ण भुगतान किया जाना संभव नहीं है। चीनी मिल ने गन्ना भुगतान के मूल्य को अन्य मद में व्यय किया है। जानबूझकर षड्यंत्र के तहत किसानों के बकाया भुगतान में देरी कर विभाग की छवि को धूमिल किया जा रहा है। इस कारण मिल के अध्याशी विपिन कुमार व मुख्य वित्त अधिकारी अनिल गोयल के खिलाफ बड़ौत कोतवाली में धारा आवश्यक वस्तु अधिनियम और धोखाधड़ी की धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया गया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आदेश के बाद चीनी उद्योग एवं गन्ना विकास विभाग के अपर मुख्य सचिव की निर्देश पर यह कार्रवाई हुई है।
इस संबंध में कोतवाल ने बताया कि सहकारी गन्ना विकास समिति के सचिव सुधीर कुमार की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
विज्ञापन
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निदेशों पर हुई कार्रवाई
संवाद न्यूज एजेंसी
बड़ौत (बागपत)। शासन की ओर से किसानों के भुगतान के लिए तय किए गए रुपये अन्य मदों में खर्च किए जाने के बाद मलकपुर मिल प्रबंधन पर सख्ती की गई है। चीनी मिल के अध्याशी और मुख्य वित्त अधिकारी के खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम और धोखाधड़ी की धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया गया है।
जिला गन्ना अधिकारी डॉ अनिल कुमार भारती ने बताया कि मलकपुर चीनी मिल को वर्ष 2020-21 के पेराई सत्र से अभी तक 85 प्रतिशत यानि 46418.45 लाख रुपये का भुगतान कर देना चाहिए था। मगर, मिल ने अभी तक 41347.30 लाख ही भुगतान किया है। वर्ष 2020-21 के चीनी स्टॉक से पूर्ण भुगतान किया जाना संभव नहीं है। चीनी मिल ने गन्ना भुगतान के मूल्य को अन्य मद में व्यय किया है। जानबूझकर षड्यंत्र के तहत किसानों के बकाया भुगतान में देरी कर विभाग की छवि को धूमिल किया जा रहा है। इस कारण मिल के अध्याशी विपिन कुमार व मुख्य वित्त अधिकारी अनिल गोयल के खिलाफ बड़ौत कोतवाली में धारा आवश्यक वस्तु अधिनियम और धोखाधड़ी की धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया गया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आदेश के बाद चीनी उद्योग एवं गन्ना विकास विभाग के अपर मुख्य सचिव की निर्देश पर यह कार्रवाई हुई है।
विज्ञापन
इस संबंध में कोतवाल ने बताया कि सहकारी गन्ना विकास समिति के सचिव सुधीर कुमार की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।