फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Baghpat News ›   Question on appointment of child welfare committee members, inquiry sat

नेताओं को बाल कल्याण समिति का सदस्य बनाया तो आयोग ने शुरू कराई जांच

Sat, 02 Oct 2021 12:27 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Sat, 02 Oct 2021 12:27 AM IST
विज्ञापन
Question on appointment of child welfare committee members, inquiry sat
बागपत। राजनीतिक दलों के कार्यकर्ताओं को बाल कल्याण समिति का सदस्य बनाने की शिकायत राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग तक पहुंच गई है। वहां से डीएम को जांच कर रिपोर्ट देने के लिए कहा गया है। इस पर एडीएम मामले की जांच कर रहे हैं। वहीं, बाल कल्याण समिति के तीन सदस्यों को नोटिस भेजा गया है।
विज्ञापन

बाल कल्याण समिति के सदस्यों की नियुक्ति के लिए कई महीने पहले आवेदन मांगे गए थे। उसके लिए नियम तय थे कि आवेदक राजनीतिक पार्टी से जुड़े नहीं होंगे। वे साफ सुधरी छवि वाले होने चाहिए। समिति सदस्य के रूप में सरिता चौधरी, रेखा चौहान, अतुल जैन को नियुक्त कर दिया गया। इसके बाद अग्रवाल मंडी टटीरी निवासी ईश्वरी प्रसाद तिवारी की ओर से राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग में शिकायत की गई। जिसमें कहा कि उक्त सभी सदस्य राजनीतिक पार्टियों से जुड़े हैं। ये भाजपा के कार्यक्रमों में शामिल रहते हैं। इनमें सरिता चौधरी के पास जिला महामंत्री की जिम्मेदारी थी। वहीं, रेखा चौहान दुर्गा वाहिनी में जिला संयोजक रही हैं। वहीं, अतुल जैन भाजपा से जुड़े होने के कारण कार्यक्रमों में शामिल होते रहे हैं।
विज्ञापन

यह मामला आयोग तक पहुंचा तो सदस्य जया सिंह ने जांच कराने के लिए डीएम को पत्र भेजा। जिस पर डीएम राजकमल यादव ने एडीएम अमित कुमार को जांच अधिकारी नियुक्त किया है। अब एडीएम अमित कुमार ने जांच के लिए इन सभी को नोटिस जारी किया है। इस संबंध में सबूत प्रस्तुत करने के लिए कहा है। इनके पास तक नोटिस पहुंचाने की जिम्मेदारी जिला प्रोबेशन अधिकारी को सौंपी गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन

हमारी जिम्मेदारी केवल उन्हें बुलाना
जिला बाल कल्याण समिति में नेताओं की नियुक्ति किए जाने की शिकायत की गई थी, जिसमें जांच एडीएम कर रहे हैं। हमारी केवल यह जिम्मेदारी है कि इन सभी को बुलाना है, जिससे ये अपने सबूत प्रस्तुत कर सकें और उनके आधार पर जांच हो सके।-तूलिका शर्मा, जिला प्रोबेशन अधिकारी
सुबूत अधिकारियों के समक्ष रखेंगे
जिस समय मेरी नियुक्ति हुई थी, मैने उसी समय संगठन से इस्तीफा देने के लिए कह दिया था। मैं किसी राजनीतिक कार्यक्रम में शामिल नहीं होती हूं। किसी प्रशासनिक कार्यक्रम में अधिकारियों ने किसी नेता को बुलाया है तो इसकी जिम्मेदारी उनकी है। हम सभी सबूत अधिकारियों के सामने रखेंगे।-सरिता चौधरी, सदस्य बाल कल्याण समिति

मैं किसी राजनीतिक पार्टी से नहीं जुड़ी हूं
एडीएम का नोटिस मुझे व्हाट्स एप पर मिला है। मैं दुर्गा वाहिनी में जिला संयोजक थीं और मैं इस दायित्व से मुक्त हो चुकी हूं। इसके बाद जिला संयोजक भी किसी अन्य को बनाया गया है। मैं किसी भी राजनीतिक पार्टी से नहीं जुड़ी हूं।-रेखा चौहान, सदस्य बाल कल्याण समिति
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed