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महंगाई की मार ने बिगाड़ा रसोई का बजट
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महंगाई की मार ने बिगाड़ा रसोई का बजट
बागपत। बरसात के साथ ही जिले में सब्जी की उत्पादन काफी कम हो गया है। उत्पादन कम होने के कारण दूसरे राज्यों से जिले में सब्जी की आपूर्ति की जाती है। दूसरे राज्यों से सब्जी की खरीदारी होने के कारण ट्रांसपोर्ट कर खर्च बढ़ने से सब्जी महंगी हो जाती है। सब्जी महंगी होने के कारण लोग परेशान है। गृहणियों ने कहा सब्जी के दाम आसमान छू रहे हैं। सब्जी महंगी होने के कारण रसोई का बजट बिगड़ गया है।
कस्बा अमीनगर सराय की रुचि शर्मा का कहना है सब्जी के दाम आए दिन बढ़ रहे हैं। महंगाई के कारण रसोई बजट बिगड़ गया है। पिछले कुछ दिनों में सब्जी के दामों में अचानक से बढ़ोत्तरी हुई है। जिससे आम आदमी परेशान है।
छपरौली क्षेत्र के सिनौली गांव की बबीता का कहना है कि लॉकडाउन में आम आदमी तंगी से जूझ रहा हैं। गन्ने के बकाए का भुगतान नहीं हो रहा है। सब्जी के दाम बढ़ने से परेशानी हो रही है।
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बागपत कस्बे की मुनेजा बेगम गृहणी का कहना है कि सब्जी के दामों में अचानक हुई बढ़ोत्तरी से वह हतप्रभ है। इससे घर का खर्च चलाना मुश्किल हो रहा है।
अग्रवाल मंडी टटीरी की मुनीजा का कहना है कि सब्जी के दाम अचानक बढ़ने से हर वर्ग के लोग परेशान हैं। सब्जी महंगी होने से घर का बजट ही बिगड़ गया है।
आलू और टमाटर के बढ़े दाम
बागपत। आलू के दाम 24 रुपये प्रति किलो से बढ़कर 30 रुपये और टमाटर के दाम 20 रुपये से बढ़कर 80 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गए है। सब्जी महंगी होने से सबसे अधिक परेशानी आम आदमी को उठानी पड़ रही है।
सब्जी आढ़ती नरेश कश्यप का कहना है बागपत की मंडी में गौरीपुर, निवाड़ा, काठा, पाली, रटौल गांवों से सब्जी की सप्लाई की जाती है। बरसात के मौसम में जिले में सब्जी का उत्पादन काफी कम हो जाता है। अधिकांश सब्जी दूसरे राज्यों दिल्ली, हरियाणा, हिमाचल से आ रही है, इससे ट्रांसपोर्ट का खर्च बढ़ गया है, इस कारण सब्जियों के दाम बढ़ गए हैं।
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बागपत। बरसात के साथ ही जिले में सब्जी की उत्पादन काफी कम हो गया है। उत्पादन कम होने के कारण दूसरे राज्यों से जिले में सब्जी की आपूर्ति की जाती है। दूसरे राज्यों से सब्जी की खरीदारी होने के कारण ट्रांसपोर्ट कर खर्च बढ़ने से सब्जी महंगी हो जाती है। सब्जी महंगी होने के कारण लोग परेशान है। गृहणियों ने कहा सब्जी के दाम आसमान छू रहे हैं। सब्जी महंगी होने के कारण रसोई का बजट बिगड़ गया है।
कस्बा अमीनगर सराय की रुचि शर्मा का कहना है सब्जी के दाम आए दिन बढ़ रहे हैं। महंगाई के कारण रसोई बजट बिगड़ गया है। पिछले कुछ दिनों में सब्जी के दामों में अचानक से बढ़ोत्तरी हुई है। जिससे आम आदमी परेशान है।
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छपरौली क्षेत्र के सिनौली गांव की बबीता का कहना है कि लॉकडाउन में आम आदमी तंगी से जूझ रहा हैं। गन्ने के बकाए का भुगतान नहीं हो रहा है। सब्जी के दाम बढ़ने से परेशानी हो रही है।
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बागपत कस्बे की मुनेजा बेगम गृहणी का कहना है कि सब्जी के दामों में अचानक हुई बढ़ोत्तरी से वह हतप्रभ है। इससे घर का खर्च चलाना मुश्किल हो रहा है।
अग्रवाल मंडी टटीरी की मुनीजा का कहना है कि सब्जी के दाम अचानक बढ़ने से हर वर्ग के लोग परेशान हैं। सब्जी महंगी होने से घर का बजट ही बिगड़ गया है।
आलू और टमाटर के बढ़े दाम
बागपत। आलू के दाम 24 रुपये प्रति किलो से बढ़कर 30 रुपये और टमाटर के दाम 20 रुपये से बढ़कर 80 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गए है। सब्जी महंगी होने से सबसे अधिक परेशानी आम आदमी को उठानी पड़ रही है।
सब्जी आढ़ती नरेश कश्यप का कहना है बागपत की मंडी में गौरीपुर, निवाड़ा, काठा, पाली, रटौल गांवों से सब्जी की सप्लाई की जाती है। बरसात के मौसम में जिले में सब्जी का उत्पादन काफी कम हो जाता है। अधिकांश सब्जी दूसरे राज्यों दिल्ली, हरियाणा, हिमाचल से आ रही है, इससे ट्रांसपोर्ट का खर्च बढ़ गया है, इस कारण सब्जियों के दाम बढ़ गए हैं।