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किसानों की अनदेखी प्रदेश सरकार को पड़ेगी भारी: अन्नु मलिक
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दोघट। कान्हड़ देवी मंदिर पर किसान अधिकार आंदोलन के तत्वावधान में शुक्रवार को 22वें दिन भी किसानों का धरना जारी रहा। किसान मजदूर संगठन के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष अन्नु मलिक ने प्रदेश सरकार को किसानों की अनदेखी के गंभीर परिणाम भुगतने की चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि किसानों की मांगों को लेकर बड़ा आंदोलन किया जाएगा।
अन्नु मलिक ने जोर देकर कहा कि वह किसानों के साथ खड़े हैं। उन्होंने कहा कि यदि मांगों को लेकर सड़कों पर उतरकर आंदोलन करना पड़ा तो वे पीछे नहीं हटेंगे। मलिक ने भाजपा सरकार पर किसानों का उत्पीड़न करने का आरोप लगाया। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह उत्पीड़न सहन नहीं किया जाएगा। चौगामा चौधरी कृषिपाल राणा ने भी सरकार पर किसानों का शोषण करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि सरकार की यह नीति स्वीकार्य नहीं होगी।
किसानों की मुख्य मांगों में गन्ना बकाया भुगतान शामिल है। वे गन्ना भाड़ा माफ किए जाने की भी मांग कर रहे हैं। इसके अतिरिक्त, फसलों को नुकसान पहुंचा रहे गोवंश को पकड़वाने की मांग भी जायज बताई गई। नरेंद्र राणा ने जानकारी दी कि चिंतन शिविर कार्यक्रम 18 अक्तूबर तक चलेगा। इस धरने में ब्रह्मपाल, चेनपाल, योगेंद्र, मिंटू सहरावत, मास्टर मांगेराम, यशपाल, भोपाल सिंह, राजवीर सिंह और सुधीर तालियान जैसे कई किसान उपस्थित थे।
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अन्नु मलिक ने जोर देकर कहा कि वह किसानों के साथ खड़े हैं। उन्होंने कहा कि यदि मांगों को लेकर सड़कों पर उतरकर आंदोलन करना पड़ा तो वे पीछे नहीं हटेंगे। मलिक ने भाजपा सरकार पर किसानों का उत्पीड़न करने का आरोप लगाया। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह उत्पीड़न सहन नहीं किया जाएगा। चौगामा चौधरी कृषिपाल राणा ने भी सरकार पर किसानों का शोषण करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि सरकार की यह नीति स्वीकार्य नहीं होगी।
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किसानों की मुख्य मांगों में गन्ना बकाया भुगतान शामिल है। वे गन्ना भाड़ा माफ किए जाने की भी मांग कर रहे हैं। इसके अतिरिक्त, फसलों को नुकसान पहुंचा रहे गोवंश को पकड़वाने की मांग भी जायज बताई गई। नरेंद्र राणा ने जानकारी दी कि चिंतन शिविर कार्यक्रम 18 अक्तूबर तक चलेगा। इस धरने में ब्रह्मपाल, चेनपाल, योगेंद्र, मिंटू सहरावत, मास्टर मांगेराम, यशपाल, भोपाल सिंह, राजवीर सिंह और सुधीर तालियान जैसे कई किसान उपस्थित थे।
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