{"_id":"6384eec075ca96091d40d8ed","slug":"fruits-are-not-being-unloaded-in-the-market-to-avoid-duty-baraut-news-mrt6155942171","type":"story","status":"publish","title_hn":"Baghpat News: शुल्क से बचने के लिए मंडी में नहीं उतारे जा रहे फल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Baghpat News: शुल्क से बचने के लिए मंडी में नहीं उतारे जा रहे फल
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बड़ौत। केले सहित अन्य फल कारोबारी प्रतिदिन नवीन मंडी शुल्क देने से बचने के लिए सीधे नगर में ही फल उतार रहे हैं। कई शिकायतों के बावजूद भी विभागीय अधिकारी कार्रवाई करने से बच रहे हैं।
नवीन मंडी स्थल पर फल व सब्जी का थोक कारोबार शासन द्वारा मंडी अधिनियम 1964 की धारा 7,2ख के अंतर्गत नियत है। मंडी में शुल्क देने से बचने के लिए केले, पपीता सहित अन्य फल कारोबारी सीधे तौर पर नगर में ही बड़का रोड पर फल उतार रहे हैं, इससे प्रतिदिन मंडी शुल्क को नुकसान पहुंच रहा है।
पूर्व में मंडी सचिव विनोद राणा ने ऐसे फल व्यापारियों को फलों को मंडी में नहीं लाकर बाजार में बेचे जाने पर 20 हजार रुपये विकास सैल और शयन शुल्क वसूलने की चेतावनी दी थी, लेकिन इसके बाद भी फल कारोबारी अपनी हरकतों से बाज नहीं आ रहे हैं।
विज्ञापन
मंडी सचिव ने फुटकर व्यापारियों को भी निर्देश जारी किया कि थोक व्यापारियों से मंडी का पर्चा 9 प्राप्त कर लें। ऐसा नहीं करने की स्थिति में फुटकर व्यापारियों से भी मंडी शुल्क की वसूली की जाएगी। प्रतिदिन नवीन मंडी से बाहर मुख्य बाजार में अवैध तरीके से फलों की आढ़त हो रही है, इसके लिए भी सख्त कदम उठाए जाएंगे। इसके बावजूद कई कारोबारी मंडी से बाहर केले, पपीता समेत दूसरे फलों को उतारते भी हैं और खरीदते व बेचते भी हैं।
विज्ञापन
नवीन मंडी स्थल पर फल व सब्जी का थोक कारोबार शासन द्वारा मंडी अधिनियम 1964 की धारा 7,2ख के अंतर्गत नियत है। मंडी में शुल्क देने से बचने के लिए केले, पपीता सहित अन्य फल कारोबारी सीधे तौर पर नगर में ही बड़का रोड पर फल उतार रहे हैं, इससे प्रतिदिन मंडी शुल्क को नुकसान पहुंच रहा है।
विज्ञापन
पूर्व में मंडी सचिव विनोद राणा ने ऐसे फल व्यापारियों को फलों को मंडी में नहीं लाकर बाजार में बेचे जाने पर 20 हजार रुपये विकास सैल और शयन शुल्क वसूलने की चेतावनी दी थी, लेकिन इसके बाद भी फल कारोबारी अपनी हरकतों से बाज नहीं आ रहे हैं।
विज्ञापन
मंडी सचिव ने फुटकर व्यापारियों को भी निर्देश जारी किया कि थोक व्यापारियों से मंडी का पर्चा 9 प्राप्त कर लें। ऐसा नहीं करने की स्थिति में फुटकर व्यापारियों से भी मंडी शुल्क की वसूली की जाएगी। प्रतिदिन नवीन मंडी से बाहर मुख्य बाजार में अवैध तरीके से फलों की आढ़त हो रही है, इसके लिए भी सख्त कदम उठाए जाएंगे। इसके बावजूद कई कारोबारी मंडी से बाहर केले, पपीता समेत दूसरे फलों को उतारते भी हैं और खरीदते व बेचते भी हैं।