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पूर्व विधायक रामवीर शौकीन के पीए पर रासुका
ब्यूरो/अमर उजाला, बागपत
Updated Sun, 04 Oct 2015 12:27 AM IST
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देहरादून पुलिस कस्टडी से दो एके-47 और एक एसएलआर लूटकर अमित मलिक उर्फ भूरा को छुड़ाने में शामिल रहे दिल्ली के मुंडका विधान सभा क्षेत्र के पूर्व विधायक रामवीर शौकीन के पर्सनल असिस्टेंट (पीए) अरविंद पर रासुका की कार्रवाई की गई है।
दिल्ली के मॉडल टाउन निवासी अरविंद, भूरा को छुड़ाने में शामिल रहा था। दिल्ली पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर उसके पास से देहरादून पुलिस से लूटी गई एक एके-47 बरामद की थी। पुलिस ने दावा किया था कि अरविंद ही भूरा को पुलिस अभिरक्षा से छुड़ाने के बाद यूपी-हरियाणा बार्डर से आई-20 कार में बैठाकर पानीपत लेकर गया था।
अरविंद की भूरा को छुड़ाने में मुख्य भूमिका रही है। बागपत पुलिस ने उसके खिलाफ रासुका की कार्रवाई करने के लिए प्रशासनिक अफसरों के पास फाइल भेजी थी, लेकिन तत्कालीन डीएम धनलक्ष्मी के. ने फाइल लौटा दी थी। करीब दो माह बाद पुलिस अधिकारियों ने दोबारा प्रशासनिक अधिकारियों के पास फाइल भेजी। मामला एडवाइजरी बोर्ड लखनऊ में पहुंचा। एएसपी विद्या सागर मिश्र ने बताया कि अरविंद पर रासुका की कार्रवाई हो गई है।
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यह था मामला
बागपत। देहरादून पुलिस 15 दिसंबर 2014 की सुबह अमित मलिक उर्फ भूरा को बागपत कोर्ट में पेशी पर लेकर आ रही थी। शहर के क्रिस्तु ज्योति पब्लिक स्कूल के पास स्कॉर्पियो सवार बदमाशों ने पुलिस कर्मियों से असलाह लूटकर अमित को छुड़ा लिया था। अमित पर 10 लाख रुपये का इनाम घोषित हुआ था। इसको लेकर बागपत ही नहीं यूपी और उत्तराखंड पुलिस की भारी फजीहत हुई थी। अमित को 4 अप्रैल 2015 को पंजाब की पटियाला पुलिस ने गिरफ्तार किया था।
बिहारीपुर कांड के चार आरोपियों पर एनएसए
बागपत। बिहारीपुर गांव में दो दोस्त वेदपाल और विनोद की गोलियों से भूनकर की गई हत्या के मामले में जेल में बंद आरोपी सतवीर, देवप्रिय, आजाद और पिंटू पर भी रासुका की कार्रवाई की गई है।
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दिल्ली के मॉडल टाउन निवासी अरविंद, भूरा को छुड़ाने में शामिल रहा था। दिल्ली पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर उसके पास से देहरादून पुलिस से लूटी गई एक एके-47 बरामद की थी। पुलिस ने दावा किया था कि अरविंद ही भूरा को पुलिस अभिरक्षा से छुड़ाने के बाद यूपी-हरियाणा बार्डर से आई-20 कार में बैठाकर पानीपत लेकर गया था।
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अरविंद की भूरा को छुड़ाने में मुख्य भूमिका रही है। बागपत पुलिस ने उसके खिलाफ रासुका की कार्रवाई करने के लिए प्रशासनिक अफसरों के पास फाइल भेजी थी, लेकिन तत्कालीन डीएम धनलक्ष्मी के. ने फाइल लौटा दी थी। करीब दो माह बाद पुलिस अधिकारियों ने दोबारा प्रशासनिक अधिकारियों के पास फाइल भेजी। मामला एडवाइजरी बोर्ड लखनऊ में पहुंचा। एएसपी विद्या सागर मिश्र ने बताया कि अरविंद पर रासुका की कार्रवाई हो गई है।
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यह था मामला
बागपत। देहरादून पुलिस 15 दिसंबर 2014 की सुबह अमित मलिक उर्फ भूरा को बागपत कोर्ट में पेशी पर लेकर आ रही थी। शहर के क्रिस्तु ज्योति पब्लिक स्कूल के पास स्कॉर्पियो सवार बदमाशों ने पुलिस कर्मियों से असलाह लूटकर अमित को छुड़ा लिया था। अमित पर 10 लाख रुपये का इनाम घोषित हुआ था। इसको लेकर बागपत ही नहीं यूपी और उत्तराखंड पुलिस की भारी फजीहत हुई थी। अमित को 4 अप्रैल 2015 को पंजाब की पटियाला पुलिस ने गिरफ्तार किया था।
बिहारीपुर कांड के चार आरोपियों पर एनएसए
बागपत। बिहारीपुर गांव में दो दोस्त वेदपाल और विनोद की गोलियों से भूनकर की गई हत्या के मामले में जेल में बंद आरोपी सतवीर, देवप्रिय, आजाद और पिंटू पर भी रासुका की कार्रवाई की गई है।