फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Baghpat News ›   बारूद के ढेर पर बैठा था दतनगर, छह अवैध फैक्ट्रियां पकड़ी

बारूद के ढेर पर बैठा था दतनगर, छह अवैध फैक्ट्रियां पकड़ी

Sun, 28 Oct 2018 01:09 AM IST
Updated Sun, 28 Oct 2018 01:09 AM IST
विज्ञापन
बारूद के ढेर पर बैठा था दतनगर, छह अवैध फैक्ट्रियां पकड़ी
बागपत। बालैनी थाना क्षेत्र के गांव दत्तनगर के लोग बारूद के ढेर पर बैठे हैं। झगड़ों और शिकायतों की अनदेखी कर रही पुलिस एसपी की सख्ती के बाद गांव में पहुंची तो वहां छह अवैध फैक्ट्रियां संचालित मिलीं। गांव में बंद मकानों में पटाखे बनाए जा रहे हैं। पुलिस के आते ही घरों से बाहर गलियों में लाखों के पटाखे फेंक दिए। पुलिस ने बंद मिली फैक्ट्रियों पर सील लगा दी है, जबकि कई फैक्ट्रियों से पटाखे वाहनों में भरकर थाने ले गई। इस अभियान के दौरान कई थानों की पुलिस मौजूद रही।
विज्ञापन

बदायूं में पटाखा फैक्ट्री में विस्फोट के बाद जिले में हाई अलर्ट जारी किया। एसपी शैलेश कुमार पांडेय ने शनिवार को सभी थानाध्यक्षों को सर्च अभियान चलाकर अवैध रूप से चल रही पटाखा फैक्ट्रियों को बंद कराने के निर्देश दिए। बालैनी थाना क्षेत्र के दत्तनगर में थानाध्यक्ष महिपाल सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम ने सर्च अभियान चलाया। पुलिस को देखकर पटाखे बनाने वाले लोगों में हड़कंप मच गया। अधिकतर लोगों ने पटाखे बनाने की सामग्री और तैयार पटाखों को घर के बाहर गलियों में फेंक दिया। पुलिस को गलियों में पटाखों से भरे बोरे पड़े मिले, जिन्हें कब्जे में ले लिया। पुलिस ने मुन्ना के गोदाम पर छापा मारा तो वहां से भारी मात्रा में पटाखे बरामद किए। इसके अलावा पुलिस ने पटाखों के पांच गोदामों पर छापा लगाकर उन्हें सील कर दिया। पुलिस की कार्रवाई से अधिकतर पटाखा निर्माता मौके से भाग निकले। बालैनी थानाध्यक्ष ने बताया कि पटाखा कारोबारी मुन्ना के घर पर पुलिस छापा मारने गई थी लेकिन वह भाग निकला। पटाखे बनाने वाले लोगों को चिह्नित किया जा रहा है।
विज्ञापन


पुलिस को गलियों में पड़े मिले लाखों के पटाखे
बागपत। पुलिस गोदाम सील कर जैसे ही वापस मोहल्ले में सर्च अभियान चलाने पहुंची तो पुलिस के पहुंचने से पहले ही लोगों ने अपने घरों के बाहर पटाखे बनाने का सामान और तैयार पटाखों को फेंक दिया। पुलिस का कहना है कि घरों के अंदर से कुछ नहीं मिला। बाहर गली में पटाखे पड़े मिले हैं। पटाखा बनाने वाले लोगों को चिह्नित किया जा रहा है। सभी के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।
विज्ञापन
विज्ञापन


बदायूं की घटना के बाद जागी पुलिस
पिलाना (बागपत)। दत्तनगर गांव के पूर्व प्रधान मलखान गिरी, संजय, दिनेश, गौरव, आदेश, विक्रम, दुर्गेश ने बताया कि गांव में बड़े स्तर पर पटाखे बनाने का काम चलता है। कई बार पुलिस से शिकायत की गई, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। अब बदायूं की घटना के बाद पुलिस जागी है। पुलिस के सर्च अभियान के कारण लाखों रुपये के पटाखे बरामद हुए।

पटाखों को लेकर हुआ था झगड़ा
पिलाना (बागपत)। दत्तनगर गांव में बुधवार की रात नौ बजे गाजियाबाद जनपद के भमेटा गांव निवासी तीन युवक पटाखे खरीदने के लिए थे। पटाखा व्यापारी मुन्ना से उनका विवाद हो गया। इसके बाद पटाखा व्यापारी ने युवकों की पिटाई कर दी थी। युवकों की रिश्तेदारी दत्तनगर गांव में होने के कारण काफी संख्या में लोग मौके पर पहुंचे। मामला दो समुदाय से जुड़ा होने के कारण तनावपूर्ण स्थिति बन गई थी। इस संबंध में घायल यवक पंकज ने पटाखा व्यापारी मुन्ना, जावेद, नाजिम, गोकल, सरफराज के खिलाफ बालैनी थाने में मुकदमा दर्ज कराया। थानाध्यक्ष महिपाल सिंह ने बताया कि आरोपियों की तलाश में पुलिस दबिश दे रही है।

पटाखों में चिंगारी भड़की तो कौन संभालेगा?
बागपत। अकेला दत्तनगर गांव ही नहीं बल्कि जिले के कई गांवों के लोग बारूद के ढेर पर बैठे हैं। बड़ौत क्षेत्र में पटाखे बनाने का सबसे बड़ा कारोबार है। बड़ौत के तीरगिरान मोहल्ले में घर-घर पटाखे बनाए जाते हैं। इसके अलावा खड़खड़ी गांव के पास भी पटाखा बनाने की कई फैक्ट्रियां चल रही हैं। दोघट में भी पटाखे बनाए जाते हैं। इन फैक्ट्रियों में छोटे-छोटे बच्चे भी काम करते हैं। जिस कारण हर समय विस्फोट का खतरा बना रहता है। यह धंधा कई दशकों से चल रहा है, लेकिन आज तक पुलिस ने इन पर नकेल नहीं कसी। बड़ौत में बिजरौल रोड पर स्थित पटाखा फैक्ट्री में कई बार आग भी लग चुकी है। दीपावली पास आते ही पुलिस को पटाखे बनाने वालों की याद आने लगती है। इससे पहले कभी पटाखा फैक्ट्रियों को नहीं पकड़ा जाता। जिले में तीन माह पहले से ही दीपावली के लिए पटाखे बनाने शुरू कर दिए जाते हैं। एसपी शैलेश कुमार पांडेय ने बताया कि सभी थानाध्यक्षों को अपने-अपने क्षेत्रों में सर्च अभियान चलाकर अवैध रूप से चल रहे पटाखा फैक्ट्रियों को पकड़ने के निर्देश दिए गए हैं। जिले में अवैध पटाखा फैक्ट्रियों को किसी भी कीमत पर नहीं चलने दिया जाएगा।


दत्तनगर से पटाखे ले जाते हैं कई जिलों के लोग
बागपत। दत्तनगर गांव में घरों में पटाखे बनाकर उन्हें खेतों में दुकान लगाकर बेचा जाता है। गाजियाबाद, मेरठ, मुजफ्फरनगर, शामली और यहां तक की दिल्ली के दुकानदार भी दत्तनगर से पटाखे ले जाते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed