{"_id":"5a3578684f1c1b96368b4f57","slug":"61513453672-baghpat-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"लोक शिक्षा प्रेरकों का बीआरसी पर धरना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
लोक शिक्षा प्रेरकों का बीआरसी पर धरना
Updated Sun, 17 Dec 2017 02:06 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बिनौली (बागपत)।
मानदेय न मिलने से क्षुब्ध लोक शिक्षा प्रेरकों ने शनिवार को ब्लाक संसाधन केंद्र बिनौली परिसर में धरना दिया। इस दौरान उन्होंने साक्षरता परीक्षा बहिष्कार का भी बहिष्कार किया और मांग पूरी न होने पर उग्र आंदोलन छेड़ने की चेतावनी दी।
बिनौली ब्लॉक के गांवों के करीब 60 लोक शिक्षा प्रेरक नारेबाजी करते बिनौली में स्थित बीआरसी पहुंचे, वहां लोक शिक्षा प्रेरक संघ बागपत के बैनर तले धरना देकर बैठ गए। धरने में उपस्थित ब्लॉक अध्यक्ष नवाब सिंह ने बताया लोक शिक्षा प्रेरकों को गत 28 माह से मानदेय नहीं मिला है। मानदेय के लिए उन्होंने संबंधित अधिकारियों को कई बार प्रार्थना पत्र दिए, लेकिन समस्या का कोई समाधान नहीं हुआ, इस कारण लोक शिक्षा प्रेरक आर्थिक तंगी से जूझ रहे हैं। धरने में उन्होंने आज होनी वाली 15 वर्ष से ऊपर के निरक्षरों की बुनयादी साक्षरता परीक्षा का बहिष्कार किया। उन्होंने समस्या के समाधान के लिए 23 दिसम्बर को रमाला आ रहे प्रदेश के मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी से भी मिलने का निर्णय लिया। इस धरने में नरेंद्र, एकता, हरेंद्र, सुखपाल सिंह, धर्मेंद्र, मोहनवीर, सुशील, जयविंद्र, सरिता, वंदना, अनीता, दीपा, ममता सहित करीब 60 लोक शिक्षा प्रेरक उपस्थित रहे।
विज्ञापन
मानदेय न मिलने से क्षुब्ध लोक शिक्षा प्रेरकों ने शनिवार को ब्लाक संसाधन केंद्र बिनौली परिसर में धरना दिया। इस दौरान उन्होंने साक्षरता परीक्षा बहिष्कार का भी बहिष्कार किया और मांग पूरी न होने पर उग्र आंदोलन छेड़ने की चेतावनी दी।
बिनौली ब्लॉक के गांवों के करीब 60 लोक शिक्षा प्रेरक नारेबाजी करते बिनौली में स्थित बीआरसी पहुंचे, वहां लोक शिक्षा प्रेरक संघ बागपत के बैनर तले धरना देकर बैठ गए। धरने में उपस्थित ब्लॉक अध्यक्ष नवाब सिंह ने बताया लोक शिक्षा प्रेरकों को गत 28 माह से मानदेय नहीं मिला है। मानदेय के लिए उन्होंने संबंधित अधिकारियों को कई बार प्रार्थना पत्र दिए, लेकिन समस्या का कोई समाधान नहीं हुआ, इस कारण लोक शिक्षा प्रेरक आर्थिक तंगी से जूझ रहे हैं। धरने में उन्होंने आज होनी वाली 15 वर्ष से ऊपर के निरक्षरों की बुनयादी साक्षरता परीक्षा का बहिष्कार किया। उन्होंने समस्या के समाधान के लिए 23 दिसम्बर को रमाला आ रहे प्रदेश के मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी से भी मिलने का निर्णय लिया। इस धरने में नरेंद्र, एकता, हरेंद्र, सुखपाल सिंह, धर्मेंद्र, मोहनवीर, सुशील, जयविंद्र, सरिता, वंदना, अनीता, दीपा, ममता सहित करीब 60 लोक शिक्षा प्रेरक उपस्थित रहे।
विज्ञापन