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केंद्रीय राज्यमंत्री के गांव में कब्रिस्तान की भूमि पर खुदवा दिया तालाब
Updated Wed, 25 Apr 2018 01:12 AM IST
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बागपत। केंद्रीय राज्यमंत्री डॉ. सत्यपाल सिंह के पैतृक गांव बासौली में कब्रिस्तान की भूमि पर तालाब की कार्ययोजना स्वीकृत कराते हुए खुदाई करा दी गई। तालाब को विकसित करने के लिए 5.89 लाख रुपये भी स्वीकृत हो गए। प्रकरण डीएम ऋषिरेंद्र कुमार तक पहुंचा तो जांच के आदेश हुए। डीपीआरओ संजय यादव ने बताया कि प्रधान, ग्राम विकास अधिकारी और सहायक विकास अधिकारी पंचायत से स्पष्टीकरण मांगा गया है। जांच चल रही है।
केंद्रीय राज्यमंत्री डॉ. सत्यपाल सिंह के गांव बासौली में कब्रिस्तान की भूमि पर तालाब की खुदाई कराने को लेकर 14 अप्रैल को विवाद हो गया था। डीएम से शिकायत कर गलत तरीके से तालाब की खुदाई कराने का आरोप लगाया । डीएम ने डीपीआरओ संजय कुमार यादव को कार्रवाई के निर्देश दिए । डीपीआरओ ने ग्राम प्रधान, ग्राम विकास अधिकारी और सहायक विकास अधिकारी को नोटिस जारी किया। बताया कि कब्रिस्तान के रूप में प्रयोग की जा रही भूमि को असलियत को छिपाकर तालाब की खुदाई कराई । इससे 14 अप्रैल को विवाद हो गया है। डीपीआरओ ने साक्ष्य सहित एक सप्ताह में उपस्थित होकर स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।
क्या था मामला
बागपत भूमि कब्रिस्तान के रूप में प्रयोग की जा रही थी। वर्ष 2013-14 में 350 मीटर लंबी पक्की बाउंड्रीवाल से सुरक्षित किया जा चुका है। यह तथ्य छिपाया गया है। जानकारी होने के बाद कार्य प्रारंभ करा दिया, उच्च अधिकारियों को अवगत नहीं कराया। न ही पुलिस को इसकी सूचना दी। इससे गांव में विवाद हो गया।
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एडीओ ने नहीं किया स्थलीय सत्यापन
बागपत। डीपीआरओ ने बताया कि एडीओ पंचायत ने स्थलीय सत्यापन किए बिना ही ग्राम पंचायत द्वारा उक्त कार्य हेतु तैयार किए प्राक्कलन को तकनीक एवं प्रशासनिक स्वीकृति हेतु अग्रसारित किया। जबकि पर्यवेेेक्षक अधिकारी के रूप में विकास खंड पर तैनात है। बिना स्थलीय निरीक्षण किए ही विवादित स्थल पर कार्य का प्रस्ताव और स्टीमेट स्वीकृति हेतु अग्रसारित किया। इससे उक्त विवाद की स्थिति पैदा हुई।
कार्य की स्वीकृत को कर दिया निरस्त
डीपीआरओ संजय कुमार यादव ने बताया कि यह प्रकरण गंभीर है। तालाब की खुदाई और तालाब के विकास के लिए 5.89 लाख का प्रस्ताव स्वीकृति हेतु सचिव, ग्राम प्रधान के हस्ताक्षर एवं सहायक विकास अधिकारी पंचायत के प्रति हस्ताक्षर से प्रस्तुत किया था। उन्होंने बताया कि विवादित भूमि होने के कारण तत्काल प्रभाव से स्वीकृति के आदेश का निरस्त किया।
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केंद्रीय राज्यमंत्री डॉ. सत्यपाल सिंह के गांव बासौली में कब्रिस्तान की भूमि पर तालाब की खुदाई कराने को लेकर 14 अप्रैल को विवाद हो गया था। डीएम से शिकायत कर गलत तरीके से तालाब की खुदाई कराने का आरोप लगाया । डीएम ने डीपीआरओ संजय कुमार यादव को कार्रवाई के निर्देश दिए । डीपीआरओ ने ग्राम प्रधान, ग्राम विकास अधिकारी और सहायक विकास अधिकारी को नोटिस जारी किया। बताया कि कब्रिस्तान के रूप में प्रयोग की जा रही भूमि को असलियत को छिपाकर तालाब की खुदाई कराई । इससे 14 अप्रैल को विवाद हो गया है। डीपीआरओ ने साक्ष्य सहित एक सप्ताह में उपस्थित होकर स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।
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क्या था मामला
बागपत भूमि कब्रिस्तान के रूप में प्रयोग की जा रही थी। वर्ष 2013-14 में 350 मीटर लंबी पक्की बाउंड्रीवाल से सुरक्षित किया जा चुका है। यह तथ्य छिपाया गया है। जानकारी होने के बाद कार्य प्रारंभ करा दिया, उच्च अधिकारियों को अवगत नहीं कराया। न ही पुलिस को इसकी सूचना दी। इससे गांव में विवाद हो गया।
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एडीओ ने नहीं किया स्थलीय सत्यापन
बागपत। डीपीआरओ ने बताया कि एडीओ पंचायत ने स्थलीय सत्यापन किए बिना ही ग्राम पंचायत द्वारा उक्त कार्य हेतु तैयार किए प्राक्कलन को तकनीक एवं प्रशासनिक स्वीकृति हेतु अग्रसारित किया। जबकि पर्यवेेेक्षक अधिकारी के रूप में विकास खंड पर तैनात है। बिना स्थलीय निरीक्षण किए ही विवादित स्थल पर कार्य का प्रस्ताव और स्टीमेट स्वीकृति हेतु अग्रसारित किया। इससे उक्त विवाद की स्थिति पैदा हुई।
कार्य की स्वीकृत को कर दिया निरस्त
डीपीआरओ संजय कुमार यादव ने बताया कि यह प्रकरण गंभीर है। तालाब की खुदाई और तालाब के विकास के लिए 5.89 लाख का प्रस्ताव स्वीकृति हेतु सचिव, ग्राम प्रधान के हस्ताक्षर एवं सहायक विकास अधिकारी पंचायत के प्रति हस्ताक्षर से प्रस्तुत किया था। उन्होंने बताया कि विवादित भूमि होने के कारण तत्काल प्रभाव से स्वीकृति के आदेश का निरस्त किया।