{"_id":"61eaf60c0428204af86d2717","slug":"two-sons-including-father-got-life-imprisonment-azamgarh-news-vns6348156158","type":"story","status":"publish","title_hn":"पिता सहित दो पुत्रों को हुई उम्रकैद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पिता सहित दो पुत्रों को हुई उम्रकैद
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आजमगढ़। विशेष सत्र न्यायाधीश जैनेंद्र कुमार पांडेय की अदालत ने हत्या के तीन आरोपियों में पिता सहित दो पुत्रों को दोषी पाते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई। साथ ही प्रत्येक को 15-15 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया। घटना गंभीरपुर थाना क्षेत्र की है।
थाना क्षेत्र के अमौड़ा गांव निवासी उमाशंकर राय की गोली लगने से मौत हो गई थी। इस मामले में मनीष राय ने घटना के संबंध में स्थानीय थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। मुकदमे के अनुसार 28मार्च 2018 को गांव में ही एक पंचायत में अपने चाचा उमाशंकर राय व परिवार के दिनेश राय शामिल हुए थे। इस पंचायत में गांव के ही गुरु प्रसाद राय उर्फ बेचू राय और इनके लड़के चंदन राय व कृष्णा राय भी शामिल रहे। पंचायत के दौरान विवाद हुआ और गुरु प्रसाद ने मनीष राय के परिवार को जान मारने की धमकी दी थी। पंचायत समाप्त होने के बाद रास्ते में गुरु प्रसाद राय ने अपने लड़कों चंदन व कृष्णा के साथ मनीष,उमाशंकर राय एवं दिनेश राय को घेर लिया। गुरु प्रसाद राय के ललकारने पर चंदन ने दिनेश राय को कृष्णा राय ने उमाशंकर राय को गोली मार दी। उपचार के दौरान उमाशंकर राय की मृत्यु हो गई। इस मामले में स्थानीय थाना पुलिस ने आरोपियों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया। सत्र परीक्षण के दौरान अभियोजन पक्ष की तरफ से इस मुकदमे की पैरवी कर रहे शासकीय अधिवक्ता गोपल पांडेय, ओम प्रकाश सिंह ने इस मुकदमे के वादी मनीष राय समेत कुल 16 गवाहों को न्यायालय में परीक्षित कराया। अदालत ने अभियोजन और बचाव पक्ष के तर्कों को सुनने के बाद आरोपी गुरु प्रसाद राय उर्फ बेचू राय, चंदन राय और कृष्णा राय को उम्रकैद के साथ उक्त सजा का निर्धारण किया।
विज्ञापन
थाना क्षेत्र के अमौड़ा गांव निवासी उमाशंकर राय की गोली लगने से मौत हो गई थी। इस मामले में मनीष राय ने घटना के संबंध में स्थानीय थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। मुकदमे के अनुसार 28मार्च 2018 को गांव में ही एक पंचायत में अपने चाचा उमाशंकर राय व परिवार के दिनेश राय शामिल हुए थे। इस पंचायत में गांव के ही गुरु प्रसाद राय उर्फ बेचू राय और इनके लड़के चंदन राय व कृष्णा राय भी शामिल रहे। पंचायत के दौरान विवाद हुआ और गुरु प्रसाद ने मनीष राय के परिवार को जान मारने की धमकी दी थी। पंचायत समाप्त होने के बाद रास्ते में गुरु प्रसाद राय ने अपने लड़कों चंदन व कृष्णा के साथ मनीष,उमाशंकर राय एवं दिनेश राय को घेर लिया। गुरु प्रसाद राय के ललकारने पर चंदन ने दिनेश राय को कृष्णा राय ने उमाशंकर राय को गोली मार दी। उपचार के दौरान उमाशंकर राय की मृत्यु हो गई। इस मामले में स्थानीय थाना पुलिस ने आरोपियों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया। सत्र परीक्षण के दौरान अभियोजन पक्ष की तरफ से इस मुकदमे की पैरवी कर रहे शासकीय अधिवक्ता गोपल पांडेय, ओम प्रकाश सिंह ने इस मुकदमे के वादी मनीष राय समेत कुल 16 गवाहों को न्यायालय में परीक्षित कराया। अदालत ने अभियोजन और बचाव पक्ष के तर्कों को सुनने के बाद आरोपी गुरु प्रसाद राय उर्फ बेचू राय, चंदन राय और कृष्णा राय को उम्रकैद के साथ उक्त सजा का निर्धारण किया।
विज्ञापन