Azamgarh: मुख्तार अंसारी की धमकी के बाद गवाहों की सुरक्षा की गई पुख्ता, कोर्ट में माफिया ने दिखाई थी हेकड़ी
माफिया मुख्तार अंसारी पर वीडियो कांफ्रेंसिंग के दौरान गवाह को धमकाने का मुकदमा दर्ज किया गया है। आजमगढ़ पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। गवाहों की सुरक्षा बढ़ा दी गई है।
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माफिया मुख्तार अंसारी पर गुरुवार को गवाहों को धमकाने के मामले में आजमगढ़ कोतवाली में एक और मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस विवेचना में जुटी हुई है। मामले में गवाहों की सुरक्षा को भी पुख्ता कर दिया गया है। दरअसल, आजमगढ़ में पेशी के दौरान बांदा जेल से वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए जुड़े मुख्तार ने गवाही देने वाले की फोटो भेजने की बात कही थी, जिसके बाद उसके खिलाफ कानूनी शिकंजा कसा गया है।
आजमगढ़ के तरवां थाना क्षेत्र के ऐरा कला गांव में 2014 में सड़क निर्माण के दौरान हुई गोलीबारी की घटना में एक मजदूर की मौके पर ही मौत हो गई थी जबकि दो घायल हो गए थे। 10 जुलाई को इस मामले में मुख्तार की वीसी से पेशी भी हुई थी।
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गुरुवार को इस मामले में अशोक सिंह ने नगर कोतवाली में तहरीर देकर आरोप लगाया कि मुख्तार अंसारी की ओर से धमकी दी जा रही है। जिस पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया। एसपी अनुराग आर्य ने बताया कि 2014 में तरवां थाना क्षेत्र में हुई हत्या के मामले में मुख्तार अंसारी द्वारा गवाहों को धमकी देने की सूचना नगर कोतवाली पुलिस को मिली।
मुख्तार के वकील बोले- फोटो नहीं फोटो कॉपी मांगी थी
इस पर पुलिस ने उनके ऊपर मुकदमा दर्ज कर लिया है, जिसकी विवेचना की जा रही है। वहीं इस मामले में शामिल गवाहों की सुरक्षा को पुख्ता कर दिया गया है। वहीं मुख्तार अंसारी के अधिवक्ता लल्लन सिंह ने बताया कि ऐसा कोई मामला नहीं हुआ है।
जब मामला कोर्ट में है और मुख्तार अंसारी जेल है तो पुलिस ऐसी कार्रवाई नहीं कर सकती है। रही बात धमकी देने तो उन्होंने फोटो देने की नहीं बल्कि बयान की फोटो कॉपी देने की बात कही थी। चूंकि पेशी वीडियो कांफ्रेसिंग से हुई है तो उसकी रिकार्डिंग को भी देखा जा सकता है।