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पत्थर फेंकने के विवाद में प्रधान सहित तीन घायल
Updated Sat, 07 Oct 2017 11:59 PM IST
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बूढनपुर। अहरौला थाना क्षेत्र के केदारपुर गांव में शुक्रवार की रात पत्थर फेंकने के विवाद में दो पक्षों के बीच कहासुनी के बाद मारपीट हुई। मनबढ़ों ने पीटकर महिला प्रधान उसके पति और बीच बचाव करने वाले को घायल कर दिया। पुलिस ने एक पक्ष से प्रधानपति को हिरासत में लिया है। शनिवार की सुबह प्रधान पति सहित तीन लोगों का शांति भंग में चालान कर दिया।
केदारपुर गांव के प्रधान चंद्रकला चौबे ने बताया कि उनके गांव में बीते कई दिनों से रात के समय कुछ लोग घरों में पत्थर फेंकते थे। इसको लेकर आए दिन रात को कोई न कोई परिवार परेशान होकर पत्थरबाजों को जोर-जोर से गाली देता था। आसपास के गांव में हमारे गांव का नाम बदनाम हो रहा था। चंद्रकला ने बताया कि 25 सितंबर की रात गांव का एक युवक उनके घर पर पत्थर फेंक रहा था। जहां से युवक पत्थर चला रहा था। उसी के बगल में खड़ी चंद्रकला ने उसे पहचान लिया। 26 सितंबर को इस मामले में अहरौला थाने में पंचायत हुई। पुलिस की चेतावनी के बाद भी पत्थर गिरना बंद नहीं हुआ। बल्कि शिकायतकर्ता ग्राम प्रधान से रंजिश रखने लगे। इसी विवाद में शुक्रवार की रात आठ बजे मनबढ़ प्रधान चंद्रकला के पति अंगद चौबे को पीटने लगे। बीच बचाव करने गई चंद्रकला और पड़ोसी कुंवर पाल को भी पीटकर घायल कर दिया। चंद्रकला का आरोप है कि पुलिस विपक्षियों के प्रभाव में आकर रात को ही उनके पति को हिरासत में लेकर थाने चली गई। वहां अंगद के साथ अभद्रता भी की गई। शनिवार की सुबह पुलिस ने अंगद चौबे, कुंवर पाल और दूसरे पक्ष से हरिशंकर यादव का शांतिभंग में चालान कर दिया। चंद्रकला ने अहरौला पुलिस पर पक्षपात करने का आरोप लगाया। पुलिस के इस रवैये से गांव में तनाव बना हुआ है। सीओ बूढनपुर श्यामनरायण ने बताया कि दोनों तरफ से तीन लोगों का शांति भंग की धारा में चालान कर दिया गया।
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केदारपुर गांव के प्रधान चंद्रकला चौबे ने बताया कि उनके गांव में बीते कई दिनों से रात के समय कुछ लोग घरों में पत्थर फेंकते थे। इसको लेकर आए दिन रात को कोई न कोई परिवार परेशान होकर पत्थरबाजों को जोर-जोर से गाली देता था। आसपास के गांव में हमारे गांव का नाम बदनाम हो रहा था। चंद्रकला ने बताया कि 25 सितंबर की रात गांव का एक युवक उनके घर पर पत्थर फेंक रहा था। जहां से युवक पत्थर चला रहा था। उसी के बगल में खड़ी चंद्रकला ने उसे पहचान लिया। 26 सितंबर को इस मामले में अहरौला थाने में पंचायत हुई। पुलिस की चेतावनी के बाद भी पत्थर गिरना बंद नहीं हुआ। बल्कि शिकायतकर्ता ग्राम प्रधान से रंजिश रखने लगे। इसी विवाद में शुक्रवार की रात आठ बजे मनबढ़ प्रधान चंद्रकला के पति अंगद चौबे को पीटने लगे। बीच बचाव करने गई चंद्रकला और पड़ोसी कुंवर पाल को भी पीटकर घायल कर दिया। चंद्रकला का आरोप है कि पुलिस विपक्षियों के प्रभाव में आकर रात को ही उनके पति को हिरासत में लेकर थाने चली गई। वहां अंगद के साथ अभद्रता भी की गई। शनिवार की सुबह पुलिस ने अंगद चौबे, कुंवर पाल और दूसरे पक्ष से हरिशंकर यादव का शांतिभंग में चालान कर दिया। चंद्रकला ने अहरौला पुलिस पर पक्षपात करने का आरोप लगाया। पुलिस के इस रवैये से गांव में तनाव बना हुआ है। सीओ बूढनपुर श्यामनरायण ने बताया कि दोनों तरफ से तीन लोगों का शांति भंग की धारा में चालान कर दिया गया।
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