फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Azamgarh News ›   Children are still not getting MDM from six months

खाते में पैसा फिर भी बच्चों को नहीं मिल रहा एमडीएम

Wed, 23 Oct 2019 11:03 PM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Wed, 23 Oct 2019 11:03 PM IST
विज्ञापन
Children are still not getting MDM from six months
जहानागंज का प्राथमिक विद्यालय देवसीहासपुर, जहां सात माह से एमडीएम नहीं बन रहा है। - फोटो : AZAMGARH
जहानागंज। प्राथमिक विद्यालय देवसी हासपुर के एमडीएम खाते में पैसा है, इसके बाद भी छह महीने से बच्चों को मध्याह्न भोजन नहीं मिल रहा है। यहां प्रधानाध्यापक एमडीएम बनवा ही नहीं रहे हैं और इसके पीछे प्रधान पर पैसा न निकालने का आरोप लगा रहे हैं। वहीं प्रधान का कहना है कि विद्यालय पर बच्चे ही नहीं है। जो डाटा दिया जा रहा है वह फर्जी है। प्रधान व प्रधानाध्यापक के बीच चल रहे इस रस्साकसी में बच्चे एमडीएम से महरूम हो रहे हैं।
विज्ञापन

प्रावि देवसी हासपुर पर लगभग छह माह से एमडीएम के तहत भोजन नहीं बनाया जा रहा है। जबकि यहां तैनात दो रसोईयों का भुगतान किया जा रहा है। इस विद्यालय पर प्रधानाध्यापक समेत एक सहायक अध्यापक की तैनाती है। प्रधानाध्यापक राघवेंद्र सिंह ने बताया कि मई 2016 से लगातार एमडीएम के तहत भोजन बनवाया। इस मद में मेरा 1.70 लाख रुपये खर्च हुआ है। एमडीएम का खाता प्रधान व प्रधानाध्यापक का संयुक्त खाता होता है और खाते में पैसा आने के बाद भी प्रधान पैसा नहीं निकाल रहे हैं। पैसा निकालने के एवज में वह अपनों के लिए हिस्सेदारी मांग रहे हैं। वहीं प्रधान रविंद्र यादव का कहना है कि प्रधानाध्यापक का आरोप निराधार है। विद्यालय पर बच्चे ही नहीं है और जो डाटा भेजा जाता है वह फर्जी है। खंड शिक्षाधिकारी संतोष कुमार पांडेय ने बताया कि मैंने स्वयं तीन दिन विद्यालय का निरीक्षण किया और हर बार बच्चे विद्यालय पर उपस्थित मिले। प्रधान को काफी समझाया गया लेकिन वह नहीं सुने। इस पर रिपोर्ट जिला एमडीएम समन्वयक को भेज कर एकल खाते के लिए कह दिया गया है।
विज्ञापन

--
प्राथमिक विद्यालय देवसी हासपुर पर प्रधान का सहयोग न मिलने के चलते छह माह से एमडीएम नहीं बनने की सूचना मिली है। जिसके चलते उक्त विद्यालय का एकल खाता करने की संस्तुति भी एसडीआई से मिली है। खाता एकल करने के लिए सीडीओ को फाइल भेज दी गई है। जल्द ही खाते को एकल कर एमडीएम शुरू करा दिया जायेगा। - अंजनी सिन्हा, जिला समन्वयक, एमडीएम।
विज्ञापन
विज्ञापन

--
विद्यालय पर छह माह से एमडीएम नहीं बन रहा है। जिसके चलते गांव के कुछ बच्चे दूसरे विद्यालयों पर जा रहे है। यदि जल्द एमडीएम नहीं शुरू हुआ तो सारे बच्चे अन्यत्र विद्यालयों पर जा सकते है।
शिवसरन यादव
प्राथमिक विद्यालय पर एमडीएम नहीं बन रहा है। मेरी बिटियां यहां कक्षा दो में पढ़ती है। घर आने पर वह बताती है कि भोजन नहीं बना था, भुख लगने पर सर ने बिस्कुट खाने के लिए दिया था।
रीता देवी
विभागीय लापरवाही के चलते विद्यालय की यह स्थिति हुई है। छह माह से यहां एमडीएम नहीं बन रहा है और विभाग अब तक सो रहा है। जो भी जिम्मेदार हो उस पर कार्रवाई की जानी चाहिए।

गोपाल यादव
मेरा बेटा इस विद्यालय पर कक्षा तीन में पढ़ता है। दोपहर का भोजन स्कूल पर मिल जाने से हमें आसानी होती थी, लेकिन अब बिना टिफिन लिये वह विद्यालय नहीं जाता है।
भीम यादव
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed