आजमगढ़। उप्र राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, लखनऊ के अनुपालन में व प्रभारी जनपद न्यायाधीश, अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण बीडी भारती की अध्यक्षता एवं सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण अनीता की उपस्थित में लोक अदालत का आयोजन रविवार को दीवानी न्यायालय में आयोजित किया गया। लोक अदालत का शुभारंभ प्रभारी जनपद न्यायाधीश बीडी भारती ने मां सरस्वती की प्रतिमा पर पुष्प एवं दीप प्रज्जवलित कर किया। उपस्थित समस्त न्यायिक अधिकारियों ने भी मां सरस्वती की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। नोडल अधिकारी राष्ट्रीय लोक अदालत रामानंद ने बताया कि इस लोक अदालत का उद्देश्य आर्बिट्रेशन से संबंधित निष्पादन वादों का समझौते के आधार पर निपटारा कर लंबित आर्बिट्रेशन के वादों को कम करना है। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव अनीता ने बताया कि वादकारी अपने वादों से संबंधित न्यायालय में जाकर मुकदमे का निस्तारण कराएं और विशेष लोक अदालत का लाभ उठाएं। उन्होंने बताया कि लोक अदालत में अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश न्यायालय संख्या एक द्वारा तीन वादों का, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश न्यायालय संख्या तीन द्वारा एक वादों का, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश न्यायालय संख्या छह द्वारा एक वादों का, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश न्यायालय संख्या सात द्वारा तीन वादों का समझौते के आधार पर निस्तारण किया गया। इस प्रकार कुल 313 वादों में से आठ आर्बिट्रेशन वादों का निस्तारण किया गया। इस अवसर पर सभी न्यायिक अधिकारी, फाईनेंस कंपनी के प्रबंधक, अधिवक्ता, वादकारी व कर्मचारी उपस्थित रहे।