फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Azamgarh News ›   बीएसएनएल को गर्त में पहुंचाने की साजिश रच रही सरकार

बीएसएनएल को गर्त में पहुंचाने की साजिश रच रही सरकार

Fri, 14 Jul 2017 12:18 AM IST
Updated Fri, 14 Jul 2017 12:18 AM IST
विज्ञापन
बीएसएनएल को गर्त में पहुंचाने की साजिश रच रही सरकार
आजमगढ़। तीन सूत्री मांगों को लेकर गुरुवार को इंप्लाइज यूनियन एंड एसोसिएशन आफ बीएसएनएल के बैनर तले सिविल लाइन स्थित सीडाट कार्यालय के बाहर चार सदस्यों ने एक दिवसीय भूख हड़ताल की। कर्मचारियों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं होती है तो सभी सदस्य भूख हड़ताल पर जाने को बाध्य होंगे।
विज्ञापन

भूख हड़ताल पर बैठे जिला सचिव आनंद कुमार सिंह, अवनीश सिंह, पंचानन राय, रमाकांत यादव ने सरकार के रवैये पर सवाल उठाते हुए कहा कि सरकार के रवैये दूरसंचार विभाग में लगातार गिरावट आ रही है। वर्तमान सरकार का मूल उद्देश्य है देश के सार्वजनिक क्षेत्र का विस्तार न हो, बल्कि इसका निजीकरण कर पूंजीपतियों को लाभ पहुंचाया जाए। बीएसएनएल इंप्लाइज यूनियन के जिला सचिव आनंद कुमार सिंह ने कहा कि एक जनवरी 2017 से बीएसएनएल कर्मचारियों/अधिकारियों को वेतन रिविजन तत्काल किया जाए। साथ ही एक जनवरी 2017 से बीएसएनएल पेंशर्न की पेंशन संशोधित हो। बीएसएनएल में सीधी भर्ती हुए कर्मचारियों के लिए 30 प्रतिशत सुपरनेशन बेनिफिट के साथ सामाजिक सुरक्षा प्रदान किया जाए। बीएसएएनल में ट्रेड यूनियन कार्यवाहियों को रोकने के लिए निकाले गए आठ मई 2017 के आदेश को बिना शर्त वापस लिया जाए। उन्होंने कहा कि अगर सरकार हमारी मांगों पर जल्द विचार नहीं करती है तो हम 27 जुलाई को कामकाज ठप कर अधिकारी और कर्मचारी भूख हड़ताल पर बैठेंगे। इस अवसर पर जिला सचिव अवनीश सिंह, भारतीय मजदूर संघ के धर्मेंद्र सिंह, पंचानन राय, कांता प्रसाद, राजेश सोनकर, राजाराम, आरएस राम, रामफेर राम, गौरव सिंह, मुनी लाल, सुनील सिंह, जितेंद्र, प्रतिमा सिंह, मंजू राय, सुदामी देवी, महेश कुमार, नंदलाल यादव, रामाश्रय आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed